नई दिल्ली: दिल्ली के डीडीयू मार्ग स्थित बीजेपी मुख्यालय और आसपास मौजूद सरकारी दफ्तरों को लेकर सुरक्षा एजेंसियों ने हाई अलर्ट जारी किया है. सूत्रों के मुताबिक, खुफिया इनपुट में आशंका जताई गई है कि आतंकी संगठन राजधानी में बड़े हमले की साजिश रच सकते हैं. बता दें, संभावित खतरे को देखते हुए पूरे इलाके की सुरक्षा बढ़ा दी गई है और पुलिस के साथ पैरामिलिट्री फोर्स के जवानों को भी तैनात किया गया है.
जानकारी के अनुसार, सुरक्षा एजेंसियों को इनपुट मिला है कि आतंकवादी दिल्ली बीजेपी कार्यालय और आसपास के महत्वपूर्ण सरकारी संस्थानों को निशाना बना सकते हैं. हमले के लिए सुसाइड बॉम्बर, कार बम, शूटआउट और आईईडी प्लांट जैसी रणनीतियों का इस्तेमाल किए जाने की आशंका जताई गई है. इसके बाद दिल्ली पुलिस और केंद्रीय एजेंसियां पूरी तरह सतर्क हो गई हैं.
डीडीयू मार्ग और उसके आसपास के इलाकों में सुरक्षा जांच बढ़ा दी गई है. इसके तहत आने-जाने वाले वाहनों की सघन तलाशी ली जा रही है, जबकि संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने के लिए अतिरिक्त सुरक्षाबल तैनात किए गए हैं. अधिकारियों का कहना है कि किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए क्विक रिस्पॉन्स टीमों को भी अलर्ट मोड पर रखा गया है.
राजधानी दिल्ली पहले भी कई बार आतंकियों के निशाने पर रह चुकी है. बता दें, वर्ष 2001 में संसद भवन पर हुए आतंकी हमले ने पूरे देश को हिला दिया था, जिस दौरान कई सुरक्षाकर्मी के शहीद होने की खबर सामने आई थी. इसके बाद 2005 में दिवाली और ईद से पहले सरोजिनी नगर, पहाड़गंज और गोविंदपुरी में सिलसिलेवार धमाके हुए थे, जिनमें कई लोगों की मौत हुई थी.
साल 2008 में कनॉट प्लेस, करोल बाग और ग्रेटर कैलाश समेत कई इलाकों में बम धमाके हुए थे. वहीं 2011 में दिल्ली हाई कोर्ट के बाहर बड़ा विस्फोट हुआ था. 2010 में जामा मस्जिद के पास गोलीबारी की घटना भी सामने आई थी, जिसमें विदेशी नागरिक घायल हुए थे.
इसी तरह पिछले साल यानी 2025 में लाल किला इलाके के पास कार विस्फोट की घटना ने भी सुरक्षा एजेंसियों की चिंता बढ़ा दी थी. ऐसे में ताजा अलर्ट के बाद राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत कर दिया गया है. अधिकारियों ने लोगों से सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत सूचना पुलिस को देने की अपील की है. First Updated : Saturday, 09 May 2026