ठंड में रागी का आटा खाना चाहिए या नहीं जानिए इसके फायदे और नुकसान


2026/01/07 15:37:37 IST

ठंड में बढ़ जाती है रोटियों की डिमांड

    ठंड में लोग अक्सर चावल की जगह रोटियां खाना ज्यादा पसंद करते हैं. ठंडियों में लोग बाजरा और मक्का का आटा ज्यादा इस्तेमाल करते हैं. लेकिन रागी यानी महुआ की रोटी दक्षिण भारत में बहुत पसंद से खाते हैं.

शरीर को देती है गर्माहट

    रागी की तासीर गर्म होती है, जो सर्दियों में शरीर को ठंड से बचाती है. इससे ठंड के मौसम में एनर्जी बनी रहती है और आलस दूर होता है.

इम्यूनिटी और हड्डियों के लिए फायदेमंद

    रागी में आयरन, कैल्शियम और एंटीऑक्सीडेंट्स भरपूर होते हैं. सर्दियों में बीमारियों से लड़ने की क्षमता बढ़ती है और खून की कमी दूर होती है. रागी कैल्शियम का बेहतरीन स्रोत है, जो हड्डियां मजबूत बनाता है. सर्दियों में जोड़ों के दर्द और कमजोरी से राहत मिलती है.

डायबिटीज कंट्रोल में उपयोगी

    रागी का ग्लाइसेमिक इंडेक्स कम होता है, जिससे ब्लड शुगर स्थिर रहता है. डायबिटीज वाले लोग सर्दियों में इसे सुरक्षित खा सकते हैं.

पाचन में सुधार

    अगर आपको पाचन की समस्या है तो रागी खा सकते हैं. रागी में हाई फाइबर होता है, जो पाचन अच्छा रखता है. अधिक मात्रा में खाने से गैस या ब्लोटिंग हो सकती है, इसलिए सीमित खाएं.

इन लोगों को करना है परहेज

    किडनी स्टोन या थायरॉइड की समस्या वाले लोग डॉक्टर से सलाह लेकर ही इसका इस्तेमाल करें. गैस्ट्रिक इश्यू होने पर रागी से पाचन समस्या बढ़ सकती है.

View More Web Stories