ईरान जंग खत्म होने वाली है? ट्रंप ने दिए बड़े संकेत, बोले- 'मिशन ईरान' अब अंतिम चरण में

अमेरिका ने इशारा किया है कि ईरान में उसका सैन्य अभियान अब निर्णायक मोड़ पर पहुंच चुका है और मुख्य लक्ष्य हाथ में आने वाला है. अब वह सीधे कम, सहयोगी देशों को ज्यादा जिम्मेदारी सौंपने की तैयारी में है. साथ ही, होर्मुज जलडमरूमध्य की सुरक्षा के लिए नई व्यवस्था की चर्चाएँ जोरों पर हैं.

Goldi Rai
Edited By: Goldi Rai

अमेरिका-ईरान युद्ध के 21वें दिन राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक चौंकाने वाला 'एग्जिट प्लान' साझा किया है.  जिसमें ट्रंप ने कहा कि अमेरिका अपने सैन्य उद्देश्यों को पूरा करने के बेहद करीब है और अब वह मध्य पूर्व में जारी अपने बड़े सैन्य अभियानों को धीरे-धीरे कम करने पर विचार कर रहा है.

ट्रंप ने अपनी पोस्ट में उन उपलब्धियों को गिनाया जिन्हें वे जीत का आधार मान रहे हैं. उन्होंने कहा, हमने ईरान की मिसाइल क्षमता, रक्षा औद्योगिक आधार, नौसेना और वायुसेना को पूरी तरह से नष्ट कर दिया है.

US-Iran War
US-Iran War

अमेरिका की जीत के दावे

ट्रंप ने कहा कि अमेरिका ने अपने क्षेत्रीय सहयोगियों-इजरायल, सऊदी अरब, कतर, यूएई, बहरीन और कुवैत की सुरक्षा सुनिश्चित की है और आगे भी उनकी रक्षा के लिए प्रतिबद्ध रहेगा.

स्ट्रेट ऑफ होर्मुज की सुरक्षा

ट्रंप के इस बयान का सबसे अहम हिस्सा 'स्ट्रेट ऑफ होर्मुज' की सुरक्षा को लेकर था. उन्होंने साफ लहजे में कहा कि जो देश इस समुद्री रास्ते का इस्तेमाल अपने तेल और व्यापार के लिए करते हैं, अब सुरक्षा और पुलिसिंग की जिम्मेदारी भी उन्हीं की होनी चाहिए. उन्होंने कहा कि अमेरिका जरूरत पड़ने पर मदद कर सकता है, लेकिन यह जिम्मेदारी अन्य देशों को निभानी चाहिए.

अमेरिका की भूमिका

ट्रंप ने तर्क दिया, 'अमेरिका इस रास्ते का उपयोग नहीं करता है, इसलिए अन्य देशों को आगे आना चाहिए'. उन्होंने इसे उन देशों के लिए एक 'आसान सैन्य अभियान' बताया और कहा कि ईरान का खतरा खत्म होने के बाद अमेरिका की मुख्य भूमिका की आवश्यकता नहीं रह जाएगी.

ग्लोबल मार्केट पर असर

आपको बता दें कि 'स्ट्रेट ऑफ होर्मुज' दुनिया की ऊर्जा आपूर्ति के लिए बेहद अहम मार्ग है, जहां से बड़ी मात्रा में तेल और गैस की सप्लाई होती है. हाल के हफ्तों में यहां हमलों और तनाव के कारण वैश्विक बाजारों पर भी असर पड़ा है.

ताजा खबरें

ट्रेंडिंग वीडियो