ईरान पर फिर हमले की तैयारी? ट्रंप की सीक्रेट वॉर मीटिंग से बढ़ी हलचल
ईरान को लेकर अमेरिका का रुख फिर सख्त होता दिख रहा है. रिपोर्ट्स के मुताबिक, व्हाइट हाउस में हुई हाईलेवल बैठक में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने नए सैन्य हमले समेत कई विकल्पों पर चर्चा की. अगर आखिरी समय में कोई डील नहीं होती, तो ईरान पर फिर अमेरिकी हमला हो सकता है.

नई दिल्ली: अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर खतरनाक मोड़ पर पहुंचता दिख रहा है. एक तरफ बातचीत और समझौते की कोशिशें जारी हैं, तो दूसरी तरफ अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से संभावित सैन्य कार्रवाई की खबरों ने पूरी दुनिया की चिंता बढ़ा दी है. रिपोर्ट्स के मुताबिक, व्हाइट हाउस में हुई हाईलेवल बैठक में ईरान पर नए हमले से लेकर बातचीत फेल होने की स्थिति तक हर विकल्प पर विस्तार से चर्चा हुई.
सूत्रों के हवाले से दावा किया गया है कि यदि आखिरी समय तक कोई बड़ी डील नहीं हो पाती है, तो अमेरिका ईरान के खिलाफ फिर से सैन्य कार्रवाई कर सकता है. इसी बीच पाकिस्तान के फील्ड मार्शल असीम मुनीर के तेहरान पहुंचने को भी क्षेत्रीय घटनाक्रम से जोड़कर देखा जा रहा है.
व्हाइट हाउस में हुई अहम बैठक
एक्सियोस की रिपोर्ट के अनुसार, शुक्रवार सुबह राष्ट्रपति ट्रंप ने अपनी राष्ट्रीय सुरक्षा टीम के साथ एक बड़ी बैठक की. इस बैठक में उपराष्ट्रपति जेडी वेंस, रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ, सीआईए डायरेक्टर जॉन रैटक्लिफ और व्हाइट हाउस चीफ ऑफ स्टाफ सूजी विल्स समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे.
बैठक के दौरान ट्रंप को ईरान के साथ चल रही बातचीत की मौजूदा स्थिति की जानकारी दी गई. साथ ही यह भी चर्चा हुई कि अगर बातचीत पूरी तरह विफल हो जाती है, तो आगे अमेरिका की रणनीति क्या होगी.
बेटे की शादी से ज्यादा अहम बना ईरान संकट
बैठक के कुछ घंटों बाद व्हाइट हाउस ने ट्रंप के वीकेंड कार्यक्रम में बदलाव कर दिया. ट्रंप ने खुद जानकारी दी कि वह अपने बेटे डोनाल्ड ट्रंप जूनियर की शादी में शामिल नहीं होंगे.
उन्होंने कहा, "सरकारी परिस्थितियों और अमेरिका के लिए अपने प्यार की वजह से मुझे वॉशिंगटन में रहना जरूरी लगता है."
इस बयान के बाद यह साफ माना जा रहा है कि ट्रंप इस समय पूरी तरह ईरान संकट पर फोकस बनाए हुए हैं.
बातचीत की धीमी रफ्तार से नाराज ट्रंप
रिपोर्ट्स के मुताबिक, ट्रंप पिछले कुछ दिनों से बातचीत की रफ्तार से संतुष्ट नहीं हैं. बताया गया कि मंगलवार को उन्होंने इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू से बातचीत को एक और मौका देने की बात कही थी, लेकिन गुरुवार रात तक उनका रुख फिर सैन्य कार्रवाई की ओर झुक गया.
सूत्रों के अनुसार, ट्रंप ने एक बड़े और निर्णायक सैन्य ऑपरेशन की संभावना भी जताई है, जिसके बाद वह जीत का ऐलान कर संघर्ष खत्म करना चाह सकते हैं.


