I-PAC के निदेशक विनेश चंदेल को मनी लॉन्ड्रिंग मामले में मिली जमानत, ED ने याचिका का नहीं किया विरोध

I-PAC के सह-संस्थापक विनेश चंदेल को पटियाला हाउस कोर्ट ने मनी लॉन्ड्रिंग मामले में जमानत दे दी है. हैरानी की बात ये है कि प्रवर्तन निदेशालय ने चंदेल की जमानत याचिका का कोई विरोध नहीं किया.

Sonee Srivastav

नई दिल्ली: आई-पैक (Indian Political Action Committee) के निदेशक और को-फाउंडर विनेश चंदेल को दिल्ली के पटियाला हाउस कोर्ट ने मनी लॉन्ड्रिंग मामले में जमानत दे दी है. यह मामला पश्चिम बंगाल में कथित कोयला घोटाले से जुड़ा है. कोर्ट ने बुधवार को यह फैसला सुनाया है.

ED ने जमानत का विरोध नहीं किया

प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने विनेश चंदेल की जमानत याचिका का विरोध नहीं किया. जांच अधिकारी ने कोर्ट को बताया कि चंदेल जांच में स्वेच्छा से और सक्रिय रूप से सहयोग कर रहे हैं. हालांकि ED ने जमानत पर कुछ शर्तें लगाने की मांग की थी.

कोर्ट ने लगाई ये शर्तें

कोर्ट ने जमानत देते हुए सख्त शर्तें लगाई हैं. विनेश चंदेल को सबूतों से छेड़छाड़ नहीं करने, गवाहों को प्रभावित न करने और जांच में पूर्ण सहयोग करने का आदेश दिया गया है. यहां तक कि उन्हें पूछताछ के लिए हर समय उपलब्ध रहना होगा और सभी जरूरी जानकारी देनी होगी.

चंदेल की कब हुई थी गिरफ्तारी?

विनेश चंदेल को 13 अप्रैल को ED ने पूछताछ के बाद गिरफ्तार किया था. 14 अप्रैल को कोर्ट ने उन्हें 10 दिन की ED कस्टडी में भेजा था. 23 अप्रैल को उन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया था. कोर्ट ने तब कहा था कि चंदेल कथित अपराध से प्राप्त करोड़ों रुपये की आय के निर्माण, हस्तांतरण और रखरखाव में सक्रिय रूप से शामिल थे.

कौन हैं विनेश चंदेल?

विनेश चंदेल नेशनल लॉ इंस्टीट्यूट यूनिवर्सिटी (NLIU), भोपाल से कानून की डिग्री प्राप्त हैं. वे I-PAC के 33 प्रतिशत शेयरधारक हैं. I-PAC एक राजनीतिक परामर्श कंपनी है, जो पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की तृणमूल कांग्रेस (TMC) के चुनाव प्रबंधन में शामिल रही है.

मामले की पृष्ठभूमि

यह मनी लॉन्ड्रिंग का मामला पश्चिम बंगाल के कोयला घोटाले से जुड़ा है. ED का आरोप है कि इसमें कई करोड़ रुपये के अपराध की आय शामिल है. चंदेल की गिरफ्तारी के बाद राजनीतिक गलियारों में काफी चर्चा हुई थी. अभी जांच जारी है और ED आगे भी चंदेल से पूछताछ कर सकती है. जमानत मिलने के बावजूद उन्हें शर्तों का पालन करना होगा.

ताजा खबरें

ट्रेंडिंग वीडियो