बिहार में नई सरकार का शपथ ग्रहण समारोह सादे तरीके से आयोजित होगा। जानकारी के अनुसार 15 अप्रैल को सिर्फ तीन नेता ही शपथ लेंगे। इसमें मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के साथ दो डिप्टी सीएम शामिल होंगे। यह आयोजन सीमित दायरे में रखा गया है। इससे सियासी हलचल और तेज हो गई है।
सूत्रों के मुताबिक जदयू के वरिष्ठ नेता बिजेंद्र प्रसाद यादव और विजय कुमार चौधरी डिप्टी सीएम बनेंगे। दोनों नेताओं को मुख्यमंत्री के साथ शपथ दिलाई जाएगी। यह फैसला गठबंधन के संतुलन को ध्यान में रखकर लिया गया है। इससे जदयू की भूमिका भी मजबूत नजर आ रही है।
अन्य मंत्रियों को अभी शपथ नहीं दिलाई जाएगी। भाजपा, जदयू और सहयोगी दलों के नेताओं को बाद में मौका मिलेगा। लोजपा-आर, हम और रालोमो के नेताओं को कैबिनेट विस्तार में शामिल किया जाएगा। यह प्रक्रिया चरणबद्ध तरीके से पूरी होगी।
सूत्रों के अनुसार सम्राट चौधरी पहले विधानसभा में बहुमत साबित करेंगे। इसके बाद मंत्रिमंडल का विस्तार किया जाएगा। माना जा रहा है कि ज्यादातर पुराने चेहरों को फिर मौका मिल सकता है। अंतिम सूची पर अभी मंथन जारी है।
भाजपा से जुड़े सूत्रों का कहना है कि कैबिनेट विस्तार में समय लग सकता है। पश्चिम बंगाल और असम जैसे राज्यों के चुनाव परिणाम के बाद बड़ा फैसला लिया जा सकता है। तब तक सरकार सीमित स्वरूप में काम करेगी। यह रणनीतिक फैसला माना जा रहा है।
मंत्रियों की सूची को लेकर अभी पूरी सहमति नहीं बन पाई है। एनडीए के अंदर बातचीत जारी है। दोनों बड़े दल भाजपा और जदयू पहले आपसी तालमेल तय करेंगे। इसके बाद सहयोगी दलों से चर्चा की जाएगी।
अब सबकी नजर शपथ ग्रहण समारोह पर है। इसके बाद विधानसभा में बहुमत साबित किया जाएगा। फिर धीरे-धीरे पूरी कैबिनेट का गठन होगा। बिहार की राजनीति में यह नया चरण माना जा रहा है। आने वाले फैसले अहम होंगे। First Updated : Tuesday, 14 April 2026