देशभर में बारिश का बनी आफत, दिल्ली में जलभराव, सूरत में बाढ़ और केरल में भूस्खलन से जनजीवन प्रभावित
देश के कई हिस्सों में बुधवार और गुरुवार को हुई मूसलाधार मानसूनी बारिश ने जनजीवन बुरी तरह प्रभावित कर दिया है. राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में इस सीजन की सबसे तेज बारिश दर्ज की गई, जिससे कई इलाकों में जलभराव और लंबा ट्रैफिक जाम देखने को मिल रहा है.

नई दिल्ली: देश के कई हिस्सों में बुधवार और गुरुवार को हुई मूसलाधार मानसूनी बारिश ने जनजीवन बुरी तरह प्रभावित कर दिया है. लगातार बारिश के चलते कई राज्यों में बाढ़, भूस्खलन, जलभराव और यातायात बाधित होने जैसी स्थितियां सामने आई हैं. वहीं देशभर में बारिश के बाद हालत देखते हुए कई इलाकों में बचाव और राहत अभियान तेज कर दिए गए हैं, जबकि भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने आगामी दिनों में भी कई क्षेत्रों में भारी से अत्यधिक भारी बारिश की चेतावनी जारी की है.
बिगड़ते मौसम के बीच केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने केरल, महाराष्ट्र, गुजरात और जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्रियों से फोन पर बात कर स्थिति का जायजा लिया है. इसके साथ ही उन्होंने भरोसा दिलाया कि प्रभावित राज्यों को केंद्र सरकार की ओर से हरसंभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी.
दिल्ली में दर्ज की गई सबसे तेज बारिश
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में इस सीजन की सबसे तेज बारिश दर्ज की गई, जिससे कई इलाकों में जलभराव और लंबा ट्रैफिक जाम देखने को मिल रहा है. बता दें, मयूर विहार, पूसा, लोधी रोड और सफदरजंग समेत कई क्षेत्रों में भारी वर्षा रिकॉर्ड की गई. इसके चलते मौसम विभाग ने राजधानी के लिए रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी करते हुए आंधी, बिजली गिरने और तेज बारिश की चेतावनी दी है.
इसी बीच रोहिणी में नवनिर्मित चार मंजिला इमारत गिरने से तीन लोगों की मौत हो गई. शुरुआती जांच में सामने आया है कि भवन के अंदर चल रहे निर्माण कार्य के दौरान संरचनात्मक हिस्सों में की गई ड्रिलिंग या कटिंग हादसे की वजह हो सकती है. हालांकि शुरुआत में इस घटना का कारण भारी बारिश बताया जा रहा था.
गुरुग्राम में घंटों जाम में फंसे वाहन
दिल्ली के अलावा गुरुग्राम में भी भारी बारिश के कारण कई प्रमुख सड़कों पर जलभराव हो गया, जिससे वाहन घंटों तक जाम में फंसे रहे हुए हैं. इसके साथ ही दिल्ली-जयपुर हाईवे की सर्विस लेन सहित कई मार्गों पर यातायात प्रभावित होने की भी खबर सामने आई है.
महाराष्ट्र में कैसा हाल
महाराष्ट्र में भारी बारिश के बाद पिंपरी-चिंचवड़ में कचरे का बड़ा ढेर खिसकने से इलाके में राहत एवं बचाव अभियान जारी है. बता दें, इस घटना में 11 लोगों के फंसे होने की आशंका जताई जा रही है. इसके साथ ही तेज बारिश और आंधी के कारण उपनगरीय लोकल ट्रेन सेवाएं प्रभावित हुईं. भोर घाट क्षेत्र में भूस्खलन और गुजरात की ओर जाने वाले रेल मार्गों पर जलभराव के चलते कई लंबी दूरी की ट्रेनों का संचालन भी बाधित रहा.
गुजरात के सूरत में 9 लोगों की मौत
गुजरात के सूरत में लगातार बारिश और बाढ़ जैसे हालात के कारण अब तक नौ लोगों की मौत हो चुकी है. निचले इलाकों से हजारों लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है, जबकि जलमग्न इमारतों में फंसे लोगों तक राहत सामग्री पहुंचाई जा रही है.
अन्य राज्यों का कैसा हाल?
केरल के वायनाड में सुरंग परियोजना स्थल पर मिट्टी धंसने के बाद लापता पांच लोगों की तलाश जारी है. वहीं जम्मू-कश्मीर के डोडा जिले में अचानक आई बाढ़ से कई क्षेत्रों में आपात स्थिति बन गई है. राजस्थान में भी दक्षिण-पश्चिम मानसून सक्रिय है और मौसम विभाग ने अगले दो से तीन दिनों तक कई जिलों में भारी बारिश की संभावना जताई है. प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है.


