नई दिल्ली: मध्य पूर्व में चल रहे तनाव के बीच अमेरिका, इजराइल और ईरान के बीच संघर्ष ने पूरी दुनिया का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है. इस बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि यह युद्ध अब लगभग खत्म होने की स्थिति में है. उन्होंने कहा कि अमेरिका और इजराइल की सैन्य कार्रवाई के बाद ईरान की सैन्य ताकत काफी कमजोर हो चुकी है. हालांकि इसके साथ ही ट्रंप ने ईरान को सख्त चेतावनी भी दी है कि अगर उसने कोई आक्रामक कदम उठाया तो उसके गंभीर परिणाम हो सकते हैं.
बताया जा रहा है कि 28 फरवरी को अमेरिका और इजराइल ने मिलकर ईरान के खिलाफ एक संयुक्त सैन्य अभियान शुरू किया था. शुरुआत में यह एक सीमित सैन्य कार्रवाई मानी जा रही थी, लेकिन धीरे-धीरे यह टकराव बड़े संघर्ष में बदल गया. इस घटना के बाद पूरे मध्य पूर्व क्षेत्र में तनाव तेजी से बढ़ गया और कई देशों में युद्ध की आशंका को लेकर चिंता बढ़ने लगी. इस संघर्ष का असर सिर्फ क्षेत्रीय स्तर तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इसका असर वैश्विक राजनीति और अर्थव्यवस्था पर भी देखने को मिल रहा है. खासतौर पर तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव के कारण दुनिया भर के बाजारों पर इसका प्रभाव पड़ा है.
ट्रम्प का दावा- युद्ध लगभग खत्म
मीडिया से बातचीत के दौरान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि यह संघर्ष अब लगभग समाप्त होने की स्थिति में है. उनके अनुसार अमेरिका और इजराइल की सैन्य कार्रवाई के बाद ईरान की सैन्य क्षमता को काफी नुकसान पहुंचा है. ट्रंप ने कहा कि ईरान की नौसेना, संचार व्यवस्था और वायुसेना को भारी क्षति पहुंची है.
उन्होंने यह भी दावा किया कि ईरान की अधिकांश मिसाइलें खत्म हो चुकी हैं और उसके ड्रोन तथा ड्रोन बनाने वाली सुविधाओं को भी नष्ट कर दिया गया है. ट्रंप के अनुसार मौजूदा हालात में ईरान के पास सैन्य रूप से ज्यादा ताकत नहीं बची है. उन्होंने कहा कि इसी वजह से यह संघर्ष अब अपने अंतिम चरण में पहुंच चुका है.
तय समय से पहले खत्म हो सकता है संघर्ष
युद्ध की शुरुआत के समय ट्रंप ने कहा था कि ईरान के खिलाफ अमेरिकी कार्रवाई लगभग चार से पांच सप्ताह तक चल सकती है. लेकिन अब उन्होंने संकेत दिया है कि यह अभियान अपेक्षा से जल्दी खत्म हो सकता है. उनका कहना है कि सैन्य अभियान की गति उम्मीद से ज्यादा तेज रही है और इसी कारण संघर्ष जल्द समाप्त होने की संभावना बन गई है.
ईरान को सख्त चेतावनी
इस दौरान ट्रंप ने ईरान को सीधे तौर पर चेतावनी भी दी. उन्होंने कहा कि ईरान को अब किसी भी तरह की चालाकी या उकसाने वाली कार्रवाई से बचना चाहिए. ट्रंप ने कहा कि अगर ईरान ने फिर से कोई आक्रामक कदम उठाने की कोशिश की, तो उसके परिणाम बेहद गंभीर होंगे. उन्होंने यहां तक कहा कि अगर ईरान ने कोई गलत कदम उठाया तो उसका अस्तित्व भी खतरे में पड़ सकता है.
होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर बयान
अमेरिकी राष्ट्रपति ने होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर भी बयान दिया. उन्होंने कहा कि यह महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग अब जहाजों के लिए खुला हुआ है और जहाज सामान्य रूप से यहां से गुजर रहे हैं. ट्रंप ने यह भी संकेत दिया कि अमेरिका इस रणनीतिक मार्ग पर अपने नियंत्रण की संभावना पर विचार कर रहा है. यह जलडमरूमध्य वैश्विक व्यापार और तेल आपूर्ति के लिए बेहद अहम माना जाता है.
रक्षा विभाग का अलग संकेत
हालांकि ट्रंप के इस बयान के बीच अमेरिकी रक्षा विभाग की ओर से अलग संकेत भी सामने आए हैं. रक्षा विभाग के कुछ अधिकारियों का कहना है कि अमेरिका ने अभी अपनी लड़ाई की शुरुआत ही की है और स्थिति पूरी तरह से समाप्त नहीं हुई है. इसी बीच ट्रंप के जल्द ही एक प्रेस कॉन्फ्रेंस करने की भी संभावना जताई जा रही है, जिसमें वह इस पूरे संघर्ष और उसकी स्थिति पर विस्तार से जानकारी दे सकते हैं. First Updated : Tuesday, 10 March 2026