'खून का हिसाब होगा'... ईरान के सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई ने खाई बदले की कसम

ईरान में नेतृत्व परिवर्तन के बाद नए सर्वोच्च नेता अयातुल्ला मोजतबा खामेनेई ने अपने पिता और पूर्व सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत का बदला लेने का संकल्प जताया है. अपने संदेश में मोजतबा खामेनेई ने कहा कि उनके पिता और हालिया संघर्ष में जान गंवाने वाले सभी लोगों के बलिदान को भुलाया नहीं जाएगा.

Yashika Jandwani

नई दिल्ली: ईरान में नेतृत्व परिवर्तन के बाद नए सर्वोच्च नेता अयातुल्ला मोजतबा खामेनेई ने अपने पिता और पूर्व सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत का बदला लेने का संकल्प जताया है. उन्होंने कहा कि देश के लिए शहीद हुए नेताओं और अन्य लोगों के खून का हिसाब लिया जाएगा. यह संदेश उनके आधिकारिक टेलीग्राम चैनल पर उस समय जारी किया गया, जब अयातुल्ला अली खामेनेई के अंतिम संस्कार की रस्में पूरी की जा रही थीं. 

बलिदान को रखा जाएगा याद 

अपने संदेश में मोजतबा खामेनेई ने कहा कि उनके पिता और हालिया संघर्ष में जान गंवाने वाले सभी लोगों के बलिदान को भुलाया नहीं जाएगा. उन्होंने कहा कि दोषियों को उनके द्वारा किए गए कार्यों की कीमत चुकानी होगी और यह पूरे देश की अपेक्षा भी है. उनका यह बयान ऐसे समय में आया है, जब ईरान और अमेरिका-इजरायल के बीच तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है.

ट्रंप ने ईरान को दी सैन्य कार्रवाई की धमकी 

दूसरी ओर, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी ईरान को कड़ी चेतावनी दी है. उन्होंने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर लिखा कि अगर ईरान किसी भी प्रकार की सैन्य कार्रवाई या धमकी को आगे बढ़ाता है, तो अमेरिका उसकी कड़ी प्रतिक्रिया देगा. ट्रंप ने यह भी कहा कि अमेरिकी सेना हर संभावित स्थिति से निपटने के लिए तैयार है और जरूरत पड़ने पर ईरान के खिलाफ व्यापक सैन्य कार्रवाई की जा सकती है. 

रिपोर्टों के अनुसार, हाल के दिनों में पश्चिम एशिया में तनाव और बढ़ गया है. होर्मुज जलमार्ग के आसपास हुई घटनाओं के बाद अमेरिका ने ईरान से जुड़े ठिकानों पर हवाई हमले तेज कर दिए हैं. वहीं, ईरान भी अपने रुख पर कायम है और उसने इस रणनीतिक समुद्री मार्ग पर अपने अधिकार को लेकर सख्त संदेश दिए हैं. 

कई दिनों तक चले शोक कार्यक्रम का हुआ समापन 

इस बीच, पूर्व सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई को मशहद स्थित इमाम रजा दरगाह में सुपुर्द-ए-खाक किया गया. अंतिम संस्कार में बड़ी संख्या में लोगों ने हिस्सा लिया और कई दिनों तक चले शोक कार्यक्रमों का समापन हुआ. ईरानी मीडिया के अनुसार, अंतिम विदाई से पहले देश के विभिन्न शहरों में श्रद्धांजलि सभाएं आयोजित की गईं, जबकि पड़ोसी इराक के कुछ शहरों में भी शोक कार्यक्रम आयोजित किए गए. मध्य पूर्व में लगातार बढ़ते तनाव और दोनों पक्षों के तीखे बयानों ने क्षेत्रीय सुरक्षा को लेकर अंतरराष्ट्रीय समुदाय की चिंता और बढ़ा दी है.

ताजा खबरें

ट्रेंडिंग वीडियो