Los Angeles Protests: लॉस एंजेलिस में हाल ही में हुए आव्रजन छापों और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा नेशनल गार्ड की तैनाती के बाद हालात तनावपूर्ण हो गए हैं. प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़पें हुईं, वाहनों में आग लगा दी गई और प्रमुख सड़कों को जाम कर दिया गया. कैलिफोर्निया के गवर्नर गेविन न्यूज़म ने ट्रंप की कार्रवाई को राज्य की संप्रभुता का उल्लंघन बताया है, जबकि डेमोक्रेट्स ने इसे स्थिति को और बिगाड़ने वाला कदम करार दिया है.
प्रदर्शनों की यह लहर लॉस एंजेलिस में तीसरे दिन भी जारी रही. ICE (इमिग्रेशन एंड कस्टम्स एनफोर्समेंट) द्वारा अवैध प्रवासियों और कथित गिरोह सदस्यों की गिरफ्तारी से लैटिनो समुदाय में भारी नाराजगी फैल गई. इसके जवाब में हजारों लोग सड़कों पर उतर आए, जिसने शहर को एक बार फिर विरोध और आक्रोश का केंद्र बना दिया.
रविवार को लॉस एंजेलिस फेडरल बिल्डिंग के बाहर दोपहर 4 बजे से बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारियों की भीड़ इकट्ठा हो गई. लोग आव्रजन छापों और नेशनल गार्ड की तैनाती के खिलाफ नारेबाजी कर रहे थे. विरोध के बीच कई वाहनों में आग लगा दी गई और पुलिस ने भीड़ को हटाने के लिए स्मोक ग्रेनेड और फ्लैश-बैंग्स का इस्तेमाल किया.
सेवा कर्मचारी अंतर्राष्ट्रीय संघ कैलिफोर्निया के अध्यक्ष डेविड ह्यूएर्ता को मौके पर दस्तावेज रिकॉर्ड करते समय चोटें आईं और उन्हें हिरासत में ले लिया गया. यूनियन ने इसकी निंदा करते हुए कहा कि यह मजदूरों की आवाज को दबाने की कोशिश है.
प्रदर्शनकारियों ने एम्बिएंस अपैरल के गोदाम के बाहर जुटकर अंदर बंद लोगों को कानूनी सहायता देने की कोशिश की. उन्होंने एक लॉन्ग-बेड ट्रक के ऊपर चढ़कर ट्रैफिक ब्लॉक कर दिया, जिससे व्यस्त सड़कों पर यातायात पूरी तरह से ठप हो गया.
कैलिफोर्निया के गवर्नर गेविन न्यूजम ने ट्रंप द्वारा बिना राज्य की अनुमति के सैनिकों की तैनाती पर कड़ी प्रतिक्रिया दी. उन्होंने एक्स (पूर्व ट्विटर) पर लिखा, "जब तक ट्रंप ने हस्तक्षेप नहीं किया, कोई समस्या नहीं थी. यह राज्य की संप्रभुता का गंभीर उल्लंघन है. आदेश को वापस लें और नियंत्रण कैलिफोर्निया को लौटाएं."
प्रदर्शनकारियों ने कई वाहनों में आग लगाई और ट्रैफिक बाधित किया. पुलिस ने जवाब में फ्लैश-बैंग्स और स्मोक ग्रेनेड का इस्तेमाल किया.
तीन स्वचालित वेमो (Waymo) वाहनों को आग के हवाले कर दिया गया और दो अन्य को नुकसान पहुंचाया गया.
एक प्रमुख फ्रीवे को प्रदर्शनकारियों ने एक घंटे से अधिक समय तक जाम रखा, जिसे बाद में हाईवे पेट्रोल ने हटाया.
कैलिफोर्निया की 79वीं इन्फेंट्री ब्रिगेड के सैनिक पूरे शहर में तैनात किए गए, जो पूरी तरह से सशस्त्र और सैन्य वर्दी में थे.
ट्रंप ने अपने फैसले का बचाव करते हुए संकेत दिए कि भविष्य में और बड़ी सैन्य तैनाती हो सकती है. उन्होंने इंसरेक्शन एक्ट लागू करने की भी संभावना जताई.
यूएस नॉर्दर्न कमांड ने पुष्टि की कि लगभग 500 मरीन्स "तैनाती के लिए तैयार" स्थिति में हैं.
पूर्व उपराष्ट्रपति कमला हैरिस समेत कई डेमोक्रेट नेताओं ने इस कदम को "खतरनाक उकसावे" की संज्ञा दी.
हाउस स्पीकर माइक जॉनसन ने ट्रंप का समर्थन करते हुए गवर्नर न्यूजम पर राज्य में कानून व्यवस्था बनाए रखने में असफल रहने का आरोप लगाया.
प्रदर्शनकारियों ने सेना की तैनाती को डराने की रणनीति बताया. "ये प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहे हैं," एक प्रदर्शनकारी थॉमस हेनिंग ने AFP से कहा. "यह सरासर डराने की कोशिश है."
एक CBS न्यूज पोल के अनुसार, प्रदर्शन से पहले तक अमेरिका की जनता का हल्का बहुमत आव्रजन पर सख्ती के पक्ष में था.