राधा रानी के धाम में लड्डू मार होली की धूम, श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ा
बरसाना में लड्डू मार होली का आयोजन आज राधा रानी मंदिर परिसर में किया जा रहा है. इस परंपरा में श्रद्धालुओं पर लड्डुओं की वर्षा की जाती है.

भगवान श्रीकृष्ण की लीला स्थली मथुरा में होली का उल्लास अपने चरम पर पहुंचने लगा है. ब्रज क्षेत्र में इस समय श्रद्धा, परंपरा और उत्साह का अद्भुत संगम देखने को मिल रहा है. देश के विभिन्न हिस्सों के साथ-साथ विदेशों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु यहां पहुंच रहे हैं, ताकि वे ब्रज की अनोखी होली का साक्षात अनुभव कर सकें. विशेष रूप से बरसाना में आयोजित होने वाली लड्डू मार होली को लेकर भक्तों में खास उत्साह है.
बरसाना में लड्डू मार होली का आयोजन
बरसाना में लड्डू मार होली का आयोजन आज राधा रानी मंदिर परिसर में किया जा रहा है. इस परंपरा में श्रद्धालुओं पर लड्डुओं की वर्षा की जाती है, जो प्रेम, आस्था और भक्ति का प्रतीक मानी जाती है. यह अनूठी परंपरा राधा और कृष्ण की पौराणिक कथाओं से जुड़ी हुई है, जिसमें गोपियां कृष्ण और उनके सखाओं के साथ हंसी-मजाक करते हुए लड्डू फेंकती थीं. इस दृश्य को देखने के लिए हर साल लाखों लोग यहां पहुंचते हैं और भक्ति में सराबोर हो जाते हैं.
देश-विदेश से उमड़ रही श्रद्धालुओं की भीड़
ब्रज की होली केवल धार्मिक आयोजन ही नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति की एक जीवंत पहचान भी है. यहां आने वाले श्रद्धालु रंग, संगीत और पारंपरिक रस्मों के माध्यम से इस उत्सव का हिस्सा बनते हैं. स्थानीय प्रशासन ने भीड़ को नियंत्रित करने और श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए व्यापक इंतजाम किए हैं. विशेष रूप से ट्रैफिक व्यवस्था को लेकर विस्तृत योजना लागू की गई है, जिससे लोगों को किसी तरह की असुविधा न हो.
ट्रैफिक और सुरक्षा के लिए विशेष प्रबंध
ट्रैफिक पुलिस ने 24 से 26 फरवरी तक कई मार्गों पर डायवर्जन लागू किया है. गोवर्धन चौराहा और मंडी चौराहा से भूतेश्वर जाने वाले मार्गों पर वाहनों का आवागमन प्रतिबंधित रहेगा. भारी वाहनों के प्रवेश पर भी रोक लगाई गई है. श्रद्धालुओं के लिए शहर के बाहरी क्षेत्रों में पार्किंग की व्यवस्था की गई है, जहां से वे पैदल या स्थानीय परिवहन के माध्यम से आयोजन स्थल तक पहुंच सकेंगे.
नंदगांव में लठमार होली का अगला आयोजन
बरसाना की लड्डू मार होली के बाद अगला प्रमुख आयोजन नंदगांव में होने वाली लठमार होली है. इस परंपरा में भी बड़ी संख्या में लोग भाग लेते हैं. प्रशासन और पुलिस ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हैं और हर प्रमुख स्थान पर निगरानी रखी जा रही है. श्रद्धालुओं से अपील की गई है कि वे नियमों का पालन करें और इस ऐतिहासिक और आध्यात्मिक उत्सव का आनंद शांतिपूर्वक लें.
बरसाना की यह होली विश्वभर में अपनी अनूठी परंपरा और भक्ति भाव के लिए प्रसिद्ध है. लड्डुओं की मिठास और भक्ति गीतों की गूंज से पूरा वातावरण भक्तिमय हो जाता है, जो हर श्रद्धालु के लिए अविस्मरणीय अनुभव बन जाता है.


