नई दिल्ली: दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट ने पूर्व क्रिकेटर शिखर धवन की पूर्व पत्नी आएशा मुखर्जी को 5.7 करोड़ रुपये वापस करने का आदेश दिया है. अदालत ने कहा कि यह रकम ऑस्ट्रेलियाई संपत्ति समझौते से आई थी, जो धमकियों, जबरन वसूली और धोखाधड़ी के जरिए हासिल की गई थी. जज देवेंद्र कुमार गर्ग ने सभी समझौता दस्तावेजों को अमान्य घोषित कर दिया.
शिखर धवन ने कोर्ट को बताया कि शादी के कुछ समय बाद ही आएशा ने उनकी प्रतिष्ठा और क्रिकेट करियर को बर्बाद करने की धमकी दी. उन्होंने कहा कि उन्होंने अपनी कमाई से संपत्तियां खरीदी, लेकिन आएशा ने उन्हें संयुक्त नाम से या पूरी तरह अपने नाम पर रजिस्टर कराने के लिए मजबूर किया. एक संपत्ति में आएशा को 99 फीसदी मालिक दिखाया गया था. अदालत ने सबूत देखने के बाद धवन के दावों को सही माना.
ऑस्ट्रेलिया की अदालत ने 2021 से 2024 के बीच दंपति की संपत्तियों का बंटवारा किया था. आएशा को कुल संपत्ति का 15 फीसदी हिस्सा मिला था. उन्होंने 7.46 करोड़ रुपये की संपत्ति रखी और धवन से अतिरिक्त 15.95 करोड़ रुपये और एक संपत्ति हासिल की.
दिल्ली की अदालत ने फरवरी 2024 में इन आदेशों को लागू करने पर रोक लगा दी थी. अब अदालत ने साफ कहा कि ऑस्ट्रेलियाई अदालत को भारतीय वैवाहिक विवादों पर फैसला करने का कोई अधिकार नहीं है. आएशा को इस रकम पर मुकदमा दायर होने की तारीख से 9 फीसदी सालाना ब्याज भी देना होगा.
दिल्ली की अदालत ने 2023 में दोनों को तलाक दे दिया था. कोर्ट ने पाया कि आएशा ने धवन को सालों तक उनके बेटे जोरावर से दूर रखा, जिससे धवन को मानसिक आघात पहुंचा. आएशा ने इन आरोपों का ठीक से जवाब नहीं दिया.
धवन को बेटे की स्थायी हिरासत नहीं मिली, लेकिन भारत और ऑस्ट्रेलिया में मुलाकात और वीडियो कॉल का अधिकार दिया गया. बाद में आएशा ने बातचीत पर पूरी तरह रोक लगा दी.
शिखर धवन ने 22 फरवरी 2025 को एक निजी समारोह में सोफी शाइन से दूसरी शादी की. यह फैसला धवन के लिए बड़ी राहत की तरह आया है, क्योंकि लंबे समय से चल रहे कानूनी विवाद में उन्हें न्याय मिला है. First Updated : Wednesday, 25 February 2026