रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने साफ कर दिया है कि वे आगामी इंडियन प्रीमियर लीग सीजन में अपने घरेलू मैदान, एम चिन्नास्वामी स्टेडियम में मैच खेलने के इच्छुक हैं. हालांकि, फ्रेंचाइजी ने यह भी स्पष्ट किया कि कर्नाटक सरकार द्वारा जारी दिशा-निर्देशों में कुछ अस्पष्ट बिंदु हैं, जिन्हें लेकर वे और स्पष्टता चाहते हैं.
इस संबंध में कर्नाटक राज्य क्रिकेट संघ (केएससीए) के अध्यक्ष वेंकटेश प्रसाद ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि अब तक आरसीबी और संबंधित अधिकारियों के बीच संवाद एकतरफा रहा है. ईएसपीएनक्रिकइंफो की रिपोर्ट के अनुसार, आरसीबी को उस प्रावधान पर स्पष्टीकरण चाहिए जिसमें स्टेडियम के भीतर और आसपास होने वाली किसी भी घटना की जिम्मेदारी आयोजकों पर डाली गई है. फ्रेंचाइजी जानना चाहती है कि यह नियम कैसे लागू होगा, क्योंकि इसमें कई हितधारक शामिल हैं - केएससीए, बीसीसीआई और कर्नाटक सरकार.
आरसीबी ने बयान में कहा कि हम हमेशा से चाहते हैं कि अपने घरेलू मैदान पर अपने प्रशंसकों के सामने खेलें. लेकिन यह भी आवश्यक है कि मैच आयोजित करने की शर्तें और सुरक्षा प्रोटोकॉल पूरी तरह से स्पष्ट हों. हमारा उद्देश्य यह समझना है कि सभी संबंधित पक्ष मिलकर किस तरह सबसे सुरक्षित और सुचारू आयोजन सुनिश्चित कर सकते हैं.
फ्रेंचाइजी ने यह भी बताया कि प्रारंभिक बातचीत के दौरान कुछ मुद्दे अब भी लंबित हैं. आरसीबी टीम और उनके प्रशंसकों के हित में जिम्मेदार निर्णय लेने से पहले वे सभी हितधारकों की राय और नियमों का अध्ययन कर रहे हैं. इससे पहले कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में कहा गया था कि आरसीबी मुंबई के डीवाई पाटिल स्टेडियम और रायपुर में अपने घरेलू मैच खेलने पर विचार कर रही है, लेकिन अब प्राथमिकता एम चिन्नास्वामी स्टेडियम में ही खेलने की है.
केएससीए की प्रतिक्रिया में अध्यक्ष वेंकटेश प्रसाद ने कहा कि आईपीएल के दौरान मैचों के सुचारू संचालन के लिए सरकार के साथ वार्ता आरसीबी की जिम्मेदारी है. उन्होंने बताया कि सरकारी एजेंसियां तब तक हमें आगे बढ़ने की अनुमति नहीं देतीं जब तक कि हम द्वारा दी गई समय-सीमा और रिपोर्ट के आधार पर किए गए काम से वे संतुष्ट न हों.
इस पूरी प्रक्रिया से यह साफ होता है कि आरसीबी अपने घरेलू मैदान पर खेलना चाहती है, लेकिन सुरक्षा और नियमों के सभी पहलुओं को सुनिश्चित करना उनके लिए प्राथमिकता है. इस बार के आईपीएल में स्टेडियम में खेलते समय प्रशंसकों और खिलाड़ियों की सुरक्षा पर विशेष ध्यान दिया जाएगा. First Updated : Thursday, 22 January 2026