Azam Khan: समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता आजम खान जल्द ही जेल से रिहा होने वाले हैं. इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उन्हें क्वालिटी बार जमीन हड़पने के मामले में जमानत प्रदान की थी, जिसके कुछ ही दिनों बाद मंगलवार को उनकी रिहाई की प्रक्रिया पूरी होने वाली है. आजम खान पिछले 23 महीने से सीतापुर जेल में बंद थे. हालांकि उनकी रिहाई आज होनी थी, लेकिन आधिकारिक रिहाई वारंट में देरी के कारण इसे स्थगित कर दिया गया. जेल प्रशासन ने अब सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं, ताकि कल तक उनकी रिहाई हो सके.
आजम खान के वकील जुबैर अहमद खान ने बताया कि सभी मामलों में उन्हें जमानत मिल चुकी है और नियमों के अनुसार, वह आज शाम या कल सुबह जेल से बाहर आ जाएंगे.
इस बीच राजनीतिक गलियारों में यह चर्चा तेज़ हो गई है कि आजम खान बहुजन समाज पार्टी (बसपा) में शामिल हो सकते हैं. बलिया की रसड़ा विधानसभा सीट से बसपा के इकलौते विधायक उमाशंकर सिंह ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि अगर आजम खान बसपा में आते हैं, तो उनका स्वागत किया जाएगा और इससे पार्टी की राजनीतिक मजबूती बढ़ेगी. उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उन्हें आजम खान की पत्नी तज़ीन फ़ातिमा और बसपा नेताओं के बीच किसी भी बैठक की जानकारी नहीं है, लेकिन पार्टी में शामिल होने वाले हर व्यक्ति का स्वागत किया जाएगा.
आजम खान को कई मामलों में जमानत मिली है. इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 18 सितंबर को क्वालिटी बार जमीन हड़पने के मामले में उन्हें जमानत दी थी. इस मामले में रामपुर के सिविल लाइंस थाने में एफआईआर दर्ज की गई थी. इससे पहले, सड़क जाम करने और सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने के 17 साल पुराने मामले में विशेष एमपी-एमएलए अदालत ने उन्हें बरी किया था.
इसके अलावा, इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने 10 सितंबर को रामपुर की डूंगरपुर कॉलोनी में निवासियों को कथित जबरन बेदखल करने के मामले में भी आजम खान को जमानत दी थी. पिछले कुछ वर्षों में आजम खान के खिलाफ कुल 16 एफआईआर दर्ज की गई हैं, जिनमें विभिन्न आपराधिक आरोप शामिल हैं. उनके रिहाई के बाद राजनीतिक और कानूनी हलचलें दोनों ही तेज़ होने की संभावना है.
आजम खान की रिहाई और संभावित बसपा में शामिल होने की चर्चा आगामी दिनों में उत्तर प्रदेश की राजनीति पर असर डाल सकती है. First Updated : Monday, 22 September 2025