Bangalore theft case: बेंगलुरु की मदिवाला पुलिस ने महाराष्ट्र के सोलापुर से कुख्यात अपराधी पंचाक्षरी स्वामी को गिरफ्तार किया है. 37 वर्षीय यह शातिर चोर 180 से अधिक चोरियों में शामिल रहा है और कई राज्यों की पुलिस को उसकी तलाश थी. हैरानी की बात यह है कि उसने चोरी का पैसा अपनी गर्लफ्रेंड पर खर्च किया, जबकि खुद अपनी मां के नाम के छोटे से मकान में रहा, जो अब बैंक की नीलामी में जाने वाला है.
स्वामी का आपराधिक सफर 2003 में एक नाबालिग के रूप में शुरू हुआ और 2009 तक वह आदतन अपराधी बन चुका था. उसने चोरी से कमाए करोड़ों रुपये गर्लफ्रेंड्स पर लुटाए और उनके लिए आलीशान तोहफे खरीदे. आइए जानते हैं इस चोर की पूरी कहानी.
स्वामी ने अपनी गर्लफ्रेंड्स पर बेतहाशा पैसा खर्च किया. स्वामी का यह शाही अंदाज तब भी जारी रहा, जब वह खुद आर्थिक संकट से जूझ रहा था. कुछ प्रमुख उपहार इस प्रकार हैं:
2016: कोलकाता में एक गर्लफ्रेंड के लिए 3 करोड़ रुपये का बंगला
जन्मदिन पर गिफ्ट: 22 लाख रुपये का कस्टम-निर्मित एक्वेरियम
2014-2015: एक मशहूर अभिनेत्री पर बड़ी रकम खर्च की
स्वामी को 2016 में गुजरात पुलिस ने पहली बार पकड़ा और उसे साबरमती जेल में छह साल की सजा हुई. रिहा होने के बाद भी उसने अपराध का रास्ता नहीं छोड़ा और महाराष्ट्र में फिर से पकड़ा गया. हालांकि, वह 2024 में बेंगलुरु लौटकर चोरी की वारदातें दोबारा करने लगा. 9 जनवरी को मदिवाला में हुई चोरी उसके गिरफ्तारी की वजह बनी.
स्वामी चोरी करने के लिए बहुत सतर्कता और चतुराई से काम करता था:
वह बंद घरों की रेकी करता और सुनिश्चित करता कि कोई उसे देख न सके.
वारदात के बाद कपड़े बदलकर भाग जाता ताकि पुलिस को पहचानने में मुश्किल हो.
चोरी किए गए सोने को पिघलाने के लिए छोटी फायर गन का इस्तेमाल करता था.
पुलिस ने उसके पास से निम्नलिखित सामान बरामद किया:
सोने के आभूषण
एक बंदूक
सोना पिघलाने के उपकरण
स्वामी कराटे में ब्लैक बेल्ट था, जिससे वह चोरी के दौरान फुर्तीला बना रहता था. लेकिन उसकी सतर्कता भी उसे बचा नहीं सकी और पुलिस ने आखिरकार उसे धर दबोचा. मदिवाला पुलिस अभी भी इस मामले की गहराई से जांच कर रही है. आने वाले दिनों में स्वामी के अपराधों की और भी परतें खुल सकती हैं. First Updated : Friday, 07 February 2025