एनसीईआरटी जल्द ही कक्षा 11-12 के लिए एक विशेष शैक्षणिक मॉड्यूल लाने जा रहा है, जो ऑपरेशन सिंदूर पर आधारित होगा. संसद के मानसून सत्र से पहले इसे जारी किए जाने की संभावना है. यह मॉड्यूल सामान्य पाठ्यपुस्तकों से अलग एक स्वतंत्र केस स्टडी के रूप में तैयार किया गया है, जिसमें भारत की राष्ट्रीय सुरक्षा और रणनीतिक प्रतिक्रियाओं को समझाने का प्रयास किया गया है.
ऑपरेशन सिंदूर, भारत सरकार द्वारा 7 मई 2025 को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए भीषण आतंकवादी हमले के जवाब में शुरू किया गया था. हमले में कई भारतीय सैनिक और आम नागरिक मारे गए थे. इस घटना के ठीक 10 दिन बाद, भारतीय सशस्त्र बलों ने पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) में आतंकवादी अड्डों को निशाना बनाते हुए सटीक हवाई हमले किए. भारत की इस प्रतिक्रिया की प्रशंसा तेज़ निर्णय लेने, सैन्य और कूटनीतिक समन्वय के लिए की गई थी.
यह केस स्टडी छात्रों को यह समझने में मदद करेगी कि आतंकवादी घटनाओं के बाद एक राष्ट्र किस तरह से रणनीतिक, सैन्य और कूटनीतिक कदम उठाता है. इस मॉड्यूल के माध्यम से विद्यार्थियों को रक्षा नीति, आतंकी विरोधी निर्णयों की प्रक्रिया, और विभिन्न मंत्रालयों के आपसी समन्वय की जानकारी दी जाएगी.
फिलहाल यह मॉड्यूल वरिष्ठ छात्रों के लिए डिज़ाइन किया गया है, लेकिन एनसीईआरटी भविष्य में इसे मिडिल स्कूल (कक्षा 6-8) के लिए भी अनुकूलित कर सकता है.
यह पहल राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 (NEP 2020) और राष्ट्रीय पाठ्यचर्या रूपरेखा 2023 (NCF 2023) के अनुरूप है, जो अनुभवात्मक और आधुनिक शिक्षा प्रणाली को बढ़ावा देती है. पहले ही कक्षा 6 और 8 के लिए अंग्रेज़ी, सामाजिक विज्ञान, संस्कृत और "कौशल बोध" जैसे विषयों पर नई पाठ्यपुस्तकें जारी की जा चुकी हैं.
ऑपरेशन सिंदूर पर आधारित यह नया शैक्षणिक मॉड्यूल छात्रों को केवल तथ्य नहीं सिखाएगा, बल्कि उन्हें राष्ट्र की सुरक्षा, विदेश नीति और निर्णय प्रक्रिया को समझने में मदद करेगा. इस पहल का उद्देश्य छात्रों को समसामयिक घटनाओं से जोड़ना और उन्हें आलोचनात्मक सोच की दिशा में प्रेरित करना है.
First Updated : Saturday, 26 July 2025