Uttarkashi Cloudburst: उत्तराखंड के उत्तरकाशी जिले में मंगलवार को बादल फटने की घटना के बाद धराली क्षेत्र में भीषण भूस्खलन हुआ. इस प्राकृतिक आपदा में काफी संख्या में लोग मलबे में फंसे हुए हैं, और 50 से 60 लोगों के लापता होने की खबर है. मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अधिकारियों को राहत और बचाव कार्यों को तेजी से चलाने के निर्देश दिए हैं. सेना, SDRF, NDRF और जिला प्रशासन की टीमें मौके पर मौजूद हैं.
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने घटना के तुरंत बाद अधिकारियों से संपर्क किया और राहत कार्यों को प्राथमिकता देने का निर्देश दिया. मुख्यमंत्री ने कहा, 'सेना, एसडीआरएफ, एनडीआरएफ, जिला प्रशासन और अन्य संबंधित टीमें मौके पर राहत कार्यों में जुटी हुई हैं. हम लगातार स्थिति की निगरानी कर रहे हैं और अधिकारियों से अपडेट ले रहे हैं.'
बताया जा रहा है कि बादल फटने के बाद धराली में भारी भूस्खलन हुआ, जिससे इलाके में मलबा और पानी भर गए. सेना ने इस घटना के बाद बयान जारी करते हुए बताया कि धराली में दोपहर 1 बजकर 45 मिनट पर भूस्खलन हुआ. इसके बाद मलबा बस्ती में घुस गया, जिससे इलाके में भारी नुकसान हुआ है. सेना के जवान और स्थानीय प्रशासन घटनास्थल पर राहत कार्यों में जुटे हैं.
सेना के 150 से अधिक जवानों को रेस्क्यू ऑपरेशन में लगाया है. सेना की टीम ने घटना के 10 मिनट बाद ही घटनास्थल पर पहुंचकर राहत कार्य शुरू कर दिया. सेना ने बताया कि अब तक 15-20 लोगों को सुरक्षित निकाल लिया गया है, और घायलों को उपचार के लिए हर्षिल में भारतीय सेना के मेडिकल सेंटर में भेजा गया है. और घटना स्थल पर भी एंबुलेंस और डॉक्टरों की टीमें मौजूद हैं.
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने बादल फटने और भूस्खलन की घटना के बाद उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से फोन पर बात किया. अमित शाह ने घटनास्थल पर राहत कार्य तेज करने के निर्देश दिए. उन्होंने कहा, 'आईटीबीपी की निकटतम 3 टीमों को घटनास्थल पर भेज दिया गया है, और एनडीआरएफ की 4 टीमें भी रवाना कर दी गई हैं. जल्द ही ये टीमें बचाव कार्यों में जुट जाएंगी.' First Updated : Tuesday, 05 August 2025