कोलकाता: पश्चिम बंगाल की राजनीति में एक बार फिर चुनावी माहौल बन गया है. भारतीय चुनाव आयोग ने राज्यसभा की तीन रिक्त सीटों पर उपचुनाव कराने की तारीखों का ऐलान कर दिया है. इन सीटों के खाली होने के बाद से राजनीतिक दलों की नजर नए उम्मीदवारों के चयन पर टिकी हुई थी. अब चुनाव कार्यक्रम सामने आने के साथ ही राज्य में राजनीतिक गतिविधियां तेज होने की संभावना है. आयोग के अनुसार, इन तीनों सीटों के लिए 24 जुलाई 2026 को मतदान होगा और उसी दिन शाम को मतगणना भी पूरी कर ली जाएगी.
चुनाव आयोग द्वारा जारी जानकारी के अनुसार, राज्यसभा की जिन तीन सीटों पर उपचुनाव कराया जाएगा, वे पूर्व सांसद सुखेंदु शेखर राय, सुष्मिता देव और प्रकाश चिक बराइक के इस्तीफे के बाद खाली हुई हैं. सुखेंदु शेखर राय ने 8 जून 2026, सुष्मिता देव ने 10 जून 2026 और प्रकाश चिक बराइक ने 11 जून 2026 को अपने पद से इस्तीफा दिया था. तभी से ये तीनों सीटें रिक्त थीं. आयोग ने साफ किया है कि तीनों सीटों के लिए अलग-अलग अधिसूचना जारी की जाएगी और प्रत्येक सीट पर स्वतंत्र रूप से चुनाव की प्रक्रिया पूरी होगी.
चुनाव आयोग के तय कार्यक्रम के अनुसार, उपचुनाव की प्रक्रिया 7 जुलाई 2026 से शुरू होगी, जब आधिकारिक अधिसूचना जारी की जाएगी. उम्मीदवार 14 जुलाई तक अपना नामांकन दाखिल कर सकेंगे. इसके बाद 15 जुलाई को नामांकन पत्रों की जांच होगी. यदि कोई उम्मीदवार चुनाव नहीं लड़ना चाहता, तो वह 17 जुलाई तक अपना नाम वापस ले सकता है. मतदान 24 जुलाई को सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक कराया जाएगा. वोटों की गिनती उसी दिन शाम 5 बजे शुरू होगी और पूरी चुनावी प्रक्रिया 27 जुलाई से पहले समाप्त कर दी जाएगी.
इस बार चुनाव आयोग ने मतदान प्रक्रिया को लेकर कुछ विशेष निर्देश भी जारी किए हैं. मतदान के दौरान बैलेट पेपर पर वोट दर्ज करने के लिए केवल वही विशेष बैंगनी रंग का पेन इस्तेमाल किया जाएगा, जिसे रिटर्निंग ऑफिसर उपलब्ध कराएंगे. किसी अन्य पेन से किया गया मतदान मान्य नहीं होगा. आयोग का कहना है कि यह व्यवस्था मतदान की गोपनीयता और पारदर्शिता बनाए रखने के लिए की गई है. साथ ही चुनाव प्रक्रिया की निगरानी के लिए विशेष ऑब्जर्वर भी नियुक्त किए जाएंगे, ताकि पूरी प्रक्रिया निष्पक्ष तरीके से संपन्न हो सके.
इन तीनों सीटों का उपचुनाव राजनीतिक रूप से भी काफी अहम माना जा रहा है. सुखेंदु शेखर राय और सुष्मिता देव तृणमूल कांग्रेस के प्रमुख नेताओं में शामिल रहे हैं, जबकि प्रकाश चिक बराइक भी राज्य की राजनीति में सक्रिय भूमिका निभाते रहे हैं. अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि राजनीतिक दल इन सीटों पर किसे उम्मीदवार बनाते हैं. इन चुनावों के नतीजे राज्यसभा में दलों की रणनीति और भविष्य के राजनीतिक समीकरणों पर भी असर डाल सकते हैं.
चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि भले ही तीनों सीटों पर मतदान एक ही दिन कराया जाएगा, लेकिन प्रत्येक सीट के लिए अलग चुनाव प्रक्रिया अपनाई जाएगी. यह व्यवस्था जनप्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 और दिल्ली हाईकोर्ट के 2006 के फैसले के अनुरूप लागू की जा रही है. आयोग ने प्रशासन को शांतिपूर्ण और पारदर्शी चुनाव कराने के निर्देश दिए हैं. साथ ही सभी राजनीतिक दलों से भी चुनावी नियमों और आयोग की गाइडलाइन का पालन करने की अपील की गई है. ऐसे में अब पूरे राज्य की नजर उम्मीदवारों की घोषणा और 24 जुलाई को होने वाले मतदान पर टिकी हुई है. First Updated : Monday, 06 July 2026