नई दिल्ली: कॉकरोच जनता पार्टी के नेतृत्व में चल रहा नीट पेपर लीक विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है और छात्र लगातार अपनी मांगों को लेकर जंतर-मंतर पर डेट हुए है. इसी बीच केंद्र सरकार ने प्रदर्शन कर रहे छात्रों से एक बार फिर बातचीत की अपील की है केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने भी कहा कि सरकार संवाद के लिए पूरी तरह तैयार है. हालांकि उन्होंने छात्रों से अपील की है कि वे उनके कार्यालय या सरकारी आवास पर आकर बातचीत करें, ताकि मुद्दों का समाधान बातचीत के जरिए निकाला जा सके.
बता दें, जेपी नड्डा से पहले केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने भी एक बयान देते हुए कहा कि सरकार छात्रों की हर बात सुनने के लिए तैयार है और जहां भी वे चाहें, वहां बैठक आयोजित की जा सकती है. इसके साथ ही उन्होंने कहा कि केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री और वह स्वयं चर्चा में शामिल होंगे तथा छात्रों को अपनी बात रखने के लिए पूरा समय दिया जाएगा. इसके साथ ही जितेंद्र सिंह ने बताया कि सरकार की ओर से सुबह से कई बार छात्रों से संपर्क करने की कोशिश की गई है.
वहीं केंद्र के अपील के बीच सोशल मीडिया पर कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक का ने एक ट्वीट सामने आया है, जिसमें उन्होंने अपनी तबियत को लेकर अपडेट शेयर किया था. उन्होंने ट्वीट करते हुए लिखा "पिछले कुछ दिनों से मुझे बुखार और बदन दर्द है, लेकिन मैं दर्द निवारक दवाइयां लेकर काम चला रहा हूं. अगर आज आप मुझे जंतर-मंतर पर न देख पाएं तो क्षमा करें. मुझे कुछ घंटे आराम करने और ठीक होने की ज़रूरत है। शाम तक मैं विरोध स्थल पर वापस आ जाऊंगा."
केंद्रीय मंत्री के बयानों से पहले गुरुवार सुबह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा भी परीक्षाओं में गड़बड़ियों के खिलाफ कड़े कदम उठाने की बात कही गई है. जानकारी के अनुसार, सरकार ने इस मामले को मिशन मोड में लेना शुरू कर दिया है. सूत्रों के मुताबिक, अब आरोपियों पर सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) अधिनियम, 2024 के तहत मुकदमा चलाया जाएगा. इसके साथ ही मामलों का जल्द निपटारा करने के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाने की भी तैयारी शुरू हो गई है.
केंद्र सरकार संबंधित राज्य सरकारों और हाई कोर्ट से विशेष अदालतें गठित करने का अनुरोध करेगी. इन अदालतों में NEET पेपर लीक से जुड़े मामलों की नियमित सुनवाई होगी, ताकि जांच और ट्रायल में देरी न हो और दोषियों को जल्द सजा मिल सके. First Updated : Thursday, 23 July 2026