National News: राजपुरा के भिंदर सिंह अपनी पत्नी और बेटे के साथ इंग्लैंड जाना चाहते थे। पत्नी पहले से इंग्लैंड में रह रही थी और उसने स्पॉन्सरशिप भेजी। लेकिन वीजा दिलाने का झांसा देकर इमीग्रेशन कंपनी चलाने वाले दंपति ने उससे 5 लाख 90 हजार रुपये ले लिए। बाद में जब वीजा नहीं मिला तो सच्चाई सामने आने लगी। भिंदर सिंह को झटका तब लगा जब इंग्लैंड में रह रही उसकी पत्नी को अचानक गिरफ्तार कर लिया गया। आरोप लगा कि उसके नाम पर फर्जीवाड़ा हुआ है। जांच में पता चला कि महिला के डॉक्यूमेंट्स का इस्तेमाल करके 15 युवकों को उसी का पति दिखाकर विदेश भेज दिया गया। महिला खुद इस साजिश से पूरी तरह अनजान थी।
पुलिस जांच में सामने आया कि यह सारा खेल एक दंपति ने खेला। इमीग्रेशन कंपनी चलाने वाले प्रशांत और उसकी पत्नी रूबी ने दस्तावेजों का गलत इस्तेमाल किया। दोनों ने युवाओं को झूठे रिश्ते बनाकर बाहर भेजा और भारी रकम वसूली। पुलिस ने अब उनके खिलाफ केस दर्ज किया है।
भिंदर सिंह ने पुलिस को बताया कि उसने सिर्फ अपने परिवार के साथ इंग्लैंड जाने की फाइल लगाई थी। मगर उसके सपनों को ठगों ने तोड़ दिया। उसने साफ कहा कि आरोपियों ने न केवल पैसे ऐंठे बल्कि उसकी पत्नी को भी मुसीबत में डाल दिया। अब वह इंसाफ चाहता है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ऐसा फ्रॉड उन्होंने भी पहली बार देखा है। एक महिला के डॉक्यूमेंट्स से 15 अलग-अलग शख्स को उसका पति दिखाकर बाहर भेजना बेहद बड़ा अपराध है। यह मामला सामने आते ही पूरे इलाके में चर्चा का विषय बन गया है।
सबसे बड़ी परेशानी इंग्लैंड में बैठी उस महिला की है जिसे गलत तरीके से गिरफ्तार किया गया। उसका इस पूरे खेल से कोई लेना-देना नहीं था। वह तो खुद अपने परिवार को इंग्लैंड बुलाना चाहती थी। लेकिन फर्जीवाड़े की वजह से उसकी जिंदगी मुश्किल में पड़ गई।
राजपुरा पुलिस ने इस मामले में मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस का कहना है कि आरोपियों की पहचान हो चुकी है और उन्हें जल्द ही गिरफ्तार किया जाएगा। अधिकारियों ने भरोसा दिलाया है कि पीड़ित परिवार को न्याय मिलेगा और इस घोटाले की जड़ तक जाकर कार्रवाई की जाएगी। First Updated : Friday, 05 September 2025