नोएडा में मजदूर दिवस पर हाई अलर्ट... हर गतिविधि पर ड्रोन से निगरानी, धारा 163 लागू
मजदूर दिवस के मौके पर नोएडा में पुलिस ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं. ड्रोन निगरानी, धारा 163 और भारी पुलिस बल की तैनाती के बीच किसी भी तरह की भीड़ या प्रदर्शन पर सख्त नजर रखी जाएगी.

मजदूर दिवस यानी 1 मई को लेकर गौतम बुद्ध नगर में इस बार सुरक्षा व्यवस्था बेहद सख्त कर दी गई है. पिछली बार 13 अप्रैल को हुई हिंसा से सबक लेते हुए पुलिस ने कोई भी जोखिम न लेने का फैसला किया है. इस बार प्रशासन का पूरा ध्यान इस बात पर है कि मजदूरों और उद्योगों के बीच माहौल शांत और सुरक्षित बना रहे, ताकि किसी भी तरह की अव्यवस्था की स्थिति न बने.
जिले में आयोजित होने वाले सभी कार्यक्रमों पर नजर रखने के लिए पुलिस ने आधुनिक तकनीक का सहारा लिया है. औद्योगिक क्षेत्रों में ड्रोन कैमरों से निगरानी की जाएगी, जबकि कंट्रोल रूम से अधिकारी CCTV के जरिए हर गतिविधि पर नजर रखेंगे. पुलिस ने साफ कर दिया है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि को नजरअंदाज नहीं किया जाएगा और तुरंत सख्त कार्रवाई की जाएगी. इससे पहले ही सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह अलर्ट मोड में हैं.
लागू हुई जोनल-सेक्टर योजना
भीड़ को नियंत्रित करने और किसी भी संभावित विवाद से बचने के लिए पूरे जिले में जोनल-सेक्टर प्लान लागू किया गया है. इसके तहत जिले को अलग-अलग हिस्सों में बांटकर हर क्षेत्र में पुलिस की जिम्मेदारी तय की गई है. इसके साथ ही 8 मई तक धारा 163 लागू कर दी गई है, जिसके तहत बिना अनुमति के कोई भी जुलूस, प्रदर्शन या सभा आयोजित नहीं की जा सकती. पुलिस ने स्पष्ट किया है कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी.
मजदूर संगठनों ने रद्द किए कार्यक्रम
कड़ी सुरक्षा और प्रशासन के सख्त रुख को देखते हुए कई मजदूर संगठनों ने अपने प्रस्तावित कार्यक्रम और रैलियां रद्द कर दी हैं. पुलिस का मुख्य उद्देश्य है कि मजदूर दिवस शांतिपूर्ण तरीके से बीते और किसी भी तरह की भीड़ या विरोध प्रदर्शन न हो. पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह ने बताया कि सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए पूरे जिले को 11 जोन और 49 सेक्टरों में बांटा गया है, जिससे हर इलाके पर बेहतर नियंत्रण रखा जा सके.
हर क्षेत्र में भारी पुलिस बल तैनात
नोएडा, सेंट्रल नोएडा और ग्रेटर नोएडा को अलग-अलग उप-क्षेत्रों में विभाजित किया गया है. नोएडा जोन को चार उप-ज़ोन और 16 सेक्टर, सेंट्रल नोएडा को तीन उप-ज़ोन और 24 सेक्टर, जबकि ग्रेटर नोएडा को चार उप-ज़ोन और नौ सेक्टरों में बांटा गया है. सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए अन्य जिलों से भी पुलिस बल बुलाया गया है. इसमें कई वरिष्ठ अधिकारी और बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी शामिल हैं.
व्यापक स्तर पर तैनाती और गश्त
पूरे जिले में पुलिस की मौजूदगी बढ़ा दी गई है. इंस्पेक्टर, सब-इंस्पेक्टर, महिला पुलिसकर्मी और कांस्टेबल बड़ी संख्या में तैनात किए गए हैं. इसके अलावा पीएसी की 10 कंपनियों को भी सुरक्षा में लगाया गया है. औद्योगिक इकाइयों, प्रमुख चौराहों, मल्टीनेशनल कंपनियों और संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है. साथ ही, मोबाइल पुलिस टीमें लगातार गश्त कर रही हैं, ताकि किसी भी स्थिति को तुरंत नियंत्रित किया जा सके.


