पाकिस्तान के लिए जासूसी करने के आरोप में गिरफ्तार हुई ट्रैवल यूट्यूबर ज्योति मल्होत्रा इन दिनों सुर्खियों में हैं. गिरफ्तारी के बाद अब उनका एक पुराना वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें वे जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में 22 अप्रैल को हुए आतंकी हमले पर प्रतिक्रिया दे रही हैं. इस हमले में 26 लोगों की जान गई थी, जिनमें अधिकतर पर्यटक थे.
वीडियो में ज्योति ने कहा था कि यह हमला सिर्फ सरकार की नहीं, बल्कि उन आम लोगों की भी ज़िम्मेदारी है जो पर्याप्त सतर्क नहीं थे. अब, जब उन पर पाकिस्तान के लिए जासूसी करने का आरोप लगा है, तो यह वीडियो और भी चर्चा में आ गया है. आइए जानते हैं पूरा मामला.
ज्योति मल्होत्रा ने पहलगाम हमले के बाद एक वीडियो इंस्टाग्राम पर पोस्ट किया था, जिसमें उन्होंने कहा कि सिर्फ सरकार नहीं, यह (हमला) उन सभी लोगों की ज़िम्मेदारी है जो इन जगहों पर जाते हैं और सतर्क नहीं रहते. मुझे पता है कि जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा बहुत कड़ी होती है, हर कोने पर आर्मी और पुलिस मौजूद होती है. अगर इसके बावजूद ऐसा हुआ है, तो हम भी कहीं न कहीं दोषी हैं. शायद हम सतर्क नहीं थे, इसलिए ये हुआ. हमें सतर्क और ज़िम्मेदार होना चाहिए.
वीडियो में आगे ज्योति ने कहा कि अगर कोई उन आतंकियों का समर्थन करता है, तो हम भारतीय नहीं हैं. अगर हम ही भ्रष्ट और गलत हैं, तो ये आत्मा को झकझोरने वाला है. किसी भी देश के लिए ये बहुत गलत है. अगर किसी ने भी उन आतंकियों को समर्थन दिया है, तो वह गलत है. हम खुद इसके लिए ज़िम्मेदार हैं. हमारी सरकार भी ज़िम्मेदार है, क्योंकि कहीं न कहीं सुरक्षा में चूक हुई है. कुछ तो गड़बड़ हुई है, जिससे इतना बड़ा हमला हो गया.
ज्योति मल्होत्रा की गिरफ्तारी के बाद उनका इंस्टाग्राम अकाउंट अब या तो निष्क्रिय हो गया है या डिएक्टिवेट कर दिया गया है. यह वही अकाउंट है जिस पर उन्होंने पहलगाम हमले के बाद अपना वीडियो अपलोड किया था.
हरियाणा के हिसार की रहने वाली और 'Travel with Jo' यूट्यूब चैनल से मशहूर ज्योति मल्होत्रा पर पाकिस्तान के लिए जासूसी करने का आरोप है. उनके यूट्यूब चैनल पर 3.77 लाख से ज्यादा सब्सक्राइबर हैं. उन्हें आधिकारिक गोपनीयता अधिनियम 1923 की धाराएं 3, 4 और 5 और भारतीय न्याय संहिता की धारा 152 के तहत गिरफ्तार किया गया है.
FIR के अनुसार, 2023 में ज्योति की मुलाकात दिल्ली स्थित पाक उच्चायोग के कर्मचारी एहसान-उर-रहीम उर्फ दानिश से हुई थी, जिसने उन्हें पाक खुफिया एजेंसियों के संपर्क में लाया. दानिश उनका 'हैंडलर' बताया जा रहा है. वह उन्हें पाकिस्तान के खुफिया अधिकारियों अली एहवान, शाकिर और राणा शाहबाज़ से भी मिलवा चुका था.रिपोर्ट्स के अनुसार, ज्योति 2023 में दो बार पाकिस्तान गईं और अपने मोबाइल में इन एजेंट्स के नाम 'जट्ट रंधावा' जैसे कोड नाम से सेव किए हुए थे, ताकि शक न हो. First Updated : Tuesday, 20 May 2025