Tele-Robotic Surgery: स्वास्थ्य क्षेत्र में लगातार नए-नए बदलाव हो रहे हैं, और अब एक और नई तकनीक सामने आई है, जिसे "टेली-रोबोटिक सर्जरी" कहा जाता है. यह तकनीक मरीजों के इलाज को और भी आसान और सुरक्षित बना रही है. खास बात यह है कि अब डॉक्टर अपनी जगह से हजारों किलोमीटर दूर रहते हुए भी सर्जरी कर सकते हैं, और यह सब संभव हो पा रहा है 5G इंटरनेट और रोबोटिक्स के सहारे.
टेली-रोबोटिक सर्जरी के माध्यम से डॉक्टर, मरीज के शरीर में सर्जरी करते वक्त रोबोट की मदद लेते हैं. इसमें मरीज के पास एक मशीन और कैमरा रखा जाता है, और डॉक्टर उन उपकरणों को डायरेक्ट करते हैं. इस सर्जरी का फायदा यह है कि इसमें शरीर में छोटा सा चीरा लगता है, जिससे खून भी कम बहता है और रिकवरी भी जल्दी होती है.
हाल ही में राजीव गांधी कैंसर हॉस्पिटल में इस तकनीक का इस्तेमाल किया गया. यहां एक कैंसर मरीज का ऑपरेशन किया गया, जिसका ट्यूमर सर्जरी के जरिए निकाला गया. दिलचस्प बात यह है कि यह सर्जरी गुरुग्राम में बैठे डॉक्टर ने की, जबकि मरीज अस्पताल में भर्ती था. सर्जरी सफल रही और अब मरीज पूरी तरह से रिकवर कर रहा है. डॉक्टरों का कहना है कि मरीज को जल्दी ही अस्पताल से छुट्टी मिल जाएगी.
टेली-रोबोटिक सर्जरी में मरीज के पास एक रोबोट, कैमरा और एक सेंसर लगे रिमोट कंट्रोल होते हैं. डॉक्टर इन उपकरणों को दिशा-निर्देश देते हैं. रोबोट डॉक्टर के कमांड्स पर सर्जरी करता है. डॉक्टरों के पास 3D HD हेडसेट होता है, जिससे वह मरीज के अंगों को बिल्कुल साफ देख सकते हैं. इस सर्जरी में 40-45 मिनट ही लगते हैं, और सर्जरी के बाद मरीज को जल्दी रिकवरी हो जाती है.
इस सर्जरी में सबसे महत्वपूर्ण चीज़ है 5G इंटरनेट, जो इसे हाई स्पीड और स्मूद बनाता है. 5G इंटरनेट के माध्यम से डॉक्टर आसानी से और तेजी से मरीज की सर्जरी कर सकते हैं. साथ ही, हर कदम पर डॉक्टर की निगरानी होती है, और मरीज के पास भी एक स्थानीय डॉक्टर मौजूद रहता है, जो इस प्रक्रिया में मदद करता है.
यह तकनीक हेल्थकेयर सेक्टर में एक बड़ी क्रांति लेकर आई है. अब मरीजों को इलाज के लिए लंबा सफर तय नहीं करना पड़ेगा. किसी भी दूर-दराज के इलाके में बैठा मरीज भी अपने इलाज के लिए इस तकनीक का फायदा उठा सकता है. यह न केवल मरीजों के लिए, बल्कि डॉक्टरों के लिए भी एक आसान तरीका साबित हो रहा है.
टेली-रोबोटिक सर्जरी एक नई दिशा में कदम है, जो भविष्य में सर्जरी और इलाज के तरीके को बदल सकता है. इस तकनीक से न केवल इलाज की प्रक्रिया तेज़ होगी, बल्कि मरीजों के लिए एक नया रास्ता खुल जाएगा. अब, दूर बैठे डॉक्टर भी सर्जरी करने में सक्षम होंगे, और इलाज के लिए उन्हें कहीं जाने की आवश्यकता नहीं होगी. First Updated : Wednesday, 12 March 2025