मुंबईः भारत और न्यूजीलैंड के बीच 11 जनवरी से शुरू होने वाली वनडे सीरीज के लिए भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने 15 सदस्यीय टीम इंडिया का ऐलान कर दिया है. इस टीम के सामने आते ही क्रिकेट जगत में चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है. जहां एक ओर श्रेयस अय्यर की वापसी ने सबका ध्यान खींचा, वहीं अनुभवी तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी को एक बार फिर नजरअंदाज किए जाने पर सवाल खड़े हो गए हैं. चयनकर्ताओं के इस फैसले को 2027 वनडे वर्ल्ड कप की रणनीति से जोड़कर देखा जा रहा है.
काफी समय तक चोट के कारण टीम से बाहर रहे श्रेयस अय्यर की इस सीरीज के लिए वापसी हुई है. दिलचस्प बात यह है कि चोट से उबरने के बाद उन्होंने अभी तक कोई प्रतिस्पर्धी मैच नहीं खेला है, इसके बावजूद उन्हें न सिर्फ टीम में शामिल किया गया, बल्कि उपकप्तान भी बनाया गया है. यह साफ संकेत देता है कि टीम मैनेजमेंट अय्यर को भविष्य की वनडे टीम की अहम कड़ी मानकर चल रहा है.
सबसे बड़ा सवाल मोहम्मद शमी को लेकर उठ रहा है. घरेलू क्रिकेट में लगातार शानदार प्रदर्शन करने के बावजूद उन्हें चयनकर्ताओं ने फिर नजरअंदाज किया. शमी लंबे समय से भारतीय वनडे गेंदबाजी के मजबूत स्तंभ रहे हैं और बड़े टूर्नामेंट्स में उन्होंने कई बार टीम को जीत दिलाई है. इसके बावजूद न्यूजीलैंड सीरीज में उनका नाम टीम से गायब होना यह संकेत देता है कि शायद अब वह 2027 वनडे वर्ल्ड कप की दीर्घकालिक योजना का हिस्सा नहीं हैं.
मोहम्मद शमी ने मार्च 2025 में खेली गई चैंपियंस ट्रॉफी के बाद से भारत के लिए कोई अंतरराष्ट्रीय मुकाबला नहीं खेला है. उस दौरान चयनकर्ताओं ने उनकी गैरमौजूदगी की वजह फिटनेस बताई. हालांकि, आंकड़े कुछ और ही कहानी बयान करते हैं. 2023 वनडे वर्ल्ड कप फाइनल के दौरान लगी गंभीर एंकल इंजरी के चलते शमी को सर्जरी और लंबे रिहैब से गुजरना पड़ा, जिसके कारण वह करीब एक साल तक अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से दूर रहे.
अगर आंकड़ों पर नजर डालें तो शमी का प्रदर्शन आज भी प्रभावशाली रहा है. 2023 वनडे वर्ल्ड कप के बाद उन्होंने 14 मैचों में 35 विकेट झटके. इनमें से 24 विकेट सिर्फ सात विश्व कप मैचों में आए, जहां वह टूर्नामेंट के सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज बने. 2025 चैंपियंस ट्रॉफी में भी उन्होंने पांच मैचों में नौ विकेट लिए और भारत के संयुक्त रूप से सबसे सफल गेंदबाज रहे. इसके बावजूद टीम से बाहर रहना कई सवाल खड़े करता है.
चयनकर्ता बार-बार शमी की फिटनेस को वजह बता रहे हैं, लेकिन घरेलू सीजन में उनका वर्कलोड इस तर्क को कमजोर करता है. रणजी ट्रॉफी में उन्होंने चार मैचों में 20 विकेट लिए, विजय हजारे ट्रॉफी में चार मैचों में आठ विकेट झटके और सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में सात मैचों में 16 विकेट चटकाए. यह प्रदर्शन साफ दिखाता है कि वह पूरी तरह फिट और लय में हैं.
न्यूजीलैंड के खिलाफ यह वनडे सीरीज सिर्फ एक द्विपक्षीय मुकाबला नहीं, बल्कि 2027 वनडे वर्ल्ड कप की तैयारी का अहम हिस्सा मानी जा रही है. टीम चयन से साफ है कि मैनेजमेंट अब युवा खिलाड़ियों और भविष्य की योजनाओं पर ज्यादा फोकस कर रहा है.
शुभमन गिल (कप्तान), रोहित शर्मा, विराट कोहली, केएल राहुल (विकेटकीपर), श्रेयस अय्यर (उपकप्तान), वॉशिंगटन सुंदर, रवींद्र जडेजा, मोहम्मद सिराज, हर्षित राणा, प्रसिद्ध कृष्णा, कुलदीप यादव, ऋषभ पंत (विकेटकीपर), नीतीश कुमार रेड्डी, अर्शदीप सिंह और यशस्वी जायसवाल.
First Updated : Saturday, 03 January 2026