यूपी के मेरठ से सनसनीखेज वारदात सामने आई है. अगस्त 2023 में बलात्कार की दलित पीड़ित युवती को पंचायत में मामले को सुलझाने के लिए कहा गया और 2.5 लाख रुपये देकर चुप रहने के लिए मजबूर किया गया. उसके साथ यही सबकुछ नहीं हुआ. पीड़िता का परिवार सामाजिक उत्पीड़न से बचने के लिए दूसरी जगह चला गया. उसके परिजनों ने युवती की शादी दूसरी जगह तय कर दी. लेकिन जब इसकी भनक आरोपी को लगी तो उसके मंगेतर को यौन उत्पीड़न का एक वीडियो भेज दिया और युवती की शादी टूट गई.
इसके बाद मामला यहीं नहीं थमा. आरोपी के परिवार ने पीड़ित से पैसे वापस मांगना शुरू कर दिया. जब पीड़िता के पिता धमकियों को बर्दाश्त नहीं कर पाए तो पूरी घटना उन्होंने एसपी कुंवर ज्ञानंजय सिंह को बता दी. वारदात के दो साल बाद मामले में एफआईआर दर्ज की गई है.
महिला के पिता ने कहा कि मेरी बेटी के साथ बलात्कार के बाद एक पंचायत बुलाई गई, जहां हमें 2.5 लाख रुपये में मामला निपटाने के लिए मजबूर किया गया. हम गांव छोड़कर दूसरी जगह चले गए और मैंने हाल ही में अपनी बेटी की शादी तय की, लेकिन आरोपी ने उसके मंगेतर को एक अश्लील वीडियो भेजा. उसकी शादी तोड़ दी गई. अब हम क्या करें?
पीड़िता की मां ने बताया कि हाल ही में आरोपी के परिवार ने उसके साथ भी मारपीट की और उसके कपड़े उतार दिए. लड़की के पिता ने पुलिस को बताया कि वे पैसे वापस मांगने हमारे पास आए और हमारे साथ दुर्व्यवहार करने लगे. जब मेरी पत्नी ने उनका विरोध किया, तो उसके साथ मारपीट की गई. आरोपियों ने उसके कपड़े फाड़ दिए.
हाफिजपुर एसएचओ आशीष कुमार ने बताया कि शुरुआती घटना की सूचना मुझे नहीं दी गई. अब लिखित शिकायत मिली है, जिसके बाद पांच लोगों के खिलाफ आईपीसी की धारा 376 (बलात्कार), 354 (हमला या आपराधिक बल) और 506 (आपराधिक धमकी) के तहत एफआईआर दर्ज की गई है. एसएचओ ने कहा कि मामले की जांच के लिए टीमें गठित की गई हैं और गिरफ्तारियां की जाएंगी. First Updated : Saturday, 08 March 2025