आंध्र प्रदेश के कडप्पा जिले से एक दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है, जहां गर्मियों की छुट्टियां मनाने नानी के गांव आए एक ही परिवार के पांच बच्चों की तालाब में डूबने से मौत हो गई. ये सभी बच्चे मंगलवार को गांव के एक तालाब में खेलने के लिए गए थे, लेकिन देर शाम तक घर न लौटने पर परिजनों ने तलाश शुरू की और उनका अंत बेहद दर्दनाक निकला.
यह हादसा ब्रह्ममगरी मत्तम मंडल के मल्लेपल्ली गांव में हुआ, जहां तालाब की गहराई अचानक बढ़ जाने के कारण ये बच्चे डूब गए. तालाब की सतह से करीब 200 मीटर तक पानी कमर भर था, लेकिन उसके बाद गहराई एकदम से 12 से 13 फीट हो गई, जिससे बच्चे संभल नहीं पाए और उनकी जान चली गई.
मैडुकुरु अनुभागीय पुलिस अधिकारी राजेंद्र प्रसाद ने बताया कि हादसा मंगलवार दोपहर करीब 3 बजे हुआ. सभी बच्चे 10 से 15 साल की उम्र के थे और तालाब के पास खेलते-खेलते अचानक गहरे पानी में चले गए. अधिकारी ने बताया, “वे सभी तालाब में खेल रहे थे. तालाब किनारे से 200 मीटर दूर तक केवल कमर तक गहरा है. लेकिन इसके बाद अचानक गहराई 12 से 13 फुट हो जाती है. संभवत: वे बच्चे गहरे पानी में चले गए और तैर नहीं पाए.”
जब बच्चे काफी देर तक घर नहीं लौटे, तो परिजनों की चिंता बढ़ गई. गांव वालों ने मिलकर बच्चों की खोजबीन शुरू की. जब परिजन तालाब पर पहुंचे तो वहां बच्चों के कपड़े नजर आए, जिससे यह अंदेशा पक्का हो गया कि बच्चे तालाब में डूब गए हैं.
मारे गए सभी बच्चे एक ही परिवार से संबंधित थे और गर्मी की छुट्टियां बिताने मल्लेपल्ली गांव आए थे. इन बच्चों की पहचान इस प्रकार हुई है:
चरण (15) और परधू (12) – बोधनम गांव, अल्लागड्डा के पास
हर्ष (12) – उप्पलापाडु गांव, जम्मलमाडुगु के पास
धीक्षित (6) – मल्लेपल्ले गांव
तरुण (10) – नल्लेरु कोटलू गांव, कासिनयाना मंडल
घटना की सूचना मिलते ही ब्रह्ममगरिमथम के एसआई शिवप्रसाद, पुलिसकर्मी नागेश, रमना और राजेश मौके पर पहुंचे. तालाब में खोजबीन का कार्य शुरू किया गया और रात करीब 11 बजे बच्चों के शव बाहर निकाले गए. इस दर्दनाक दृश्य ने गांव वालों को स्तब्ध कर दिया.
पुलिस अधिकारी प्रसाद ने बताया कि इस घटना को लेकर मामला दर्ज कर लिया गया है और सभी कानूनी प्रक्रिया जारी है. हादसे के बाद गांव में मातम पसरा हुआ है. पूरा क्षेत्र शोक में डूबा हुआ है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है.
यह हादसा इस बात की याद दिलाता है कि छुट्टियों के दौरान बच्चों की गतिविधियों पर निगरानी बेहद जरूरी है, खासकर जब वे पानी के आसपास हों. एक पल की लापरवाही, मासूम जिंदगियों को लील सकती है. First Updated : Wednesday, 14 May 2025