खुल गया राज! कैसे हुई राजौरी के 17 लोगों की रहस्मयी मौत बीमारी के चलते 200 लोगों को भेजा आइसोलेशन सेंटर

Rajouri mystery deaths: जम्मू-कश्मीर के राजौरी जिले में एक रहस्यमयी बीमारी का प्रकोप बढ़ता जा रहा है, जिससे अब तक 17 लोगों की मौत हो चुकी है. बीमारी के फैलने के साथ ही प्रशासन ने प्रभावित क्षेत्रों को कंटेन्मेंट जोन में बदल दिया है और 200 से अधिक लोगों को आइसोलेशन सेंटर में भेजा गया है.

calender

Rajouri mystery deaths: जम्मू-कश्मीर के राजौरी जिले में पिछले कुछ दिनों से एक रहस्यमयी बीमारी ने गंभीर संकट पैदा कर दिया है. अब तक इस बीमारी की चपेट में आकर 17 लोग अपनी जान गंवा चुके हैं, और लगातार मामले सामने आ रहे हैं. यह रहस्यमयी बीमारी बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक, सभी को अपनी चपेट में ले रही है. बीमारी के बढ़ते मामलों को देखते हुए प्रशासन ने राजौरी के बादल गांव में कंटेन्मेंट जोन बना दिया है. केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने इस रहस्यमयी मौतों के कारण की जांच करते हुए बताया कि यह बीमारी किसी संक्रमण या वायरस के कारण नहीं, बल्कि जहरीले कैडमियम के प्रभाव से हो सकती है.

इस बीमारी के प्रभाव से बडहाल गांव में तीन बहनों समेत चार और लोग अस्पताल में भर्ती हुए हैं. पिछले डेढ़ महीने में इस रहस्यमयी बीमारी के कारण 17 लोगों की जान जा चुकी है. केंद्रीय टीम ने इस बीमारी के कारणों की जांच शुरू कर दी है. इस बीमारी के कारण मृतकों के परिजनों के संपर्क में आए 200 से अधिक लोगों को एहतियातन आइसोलेशन सेंटर भेज दिया गया है.

क्या है रहस्यमयी बीमारी का राज?

केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने गुरुवार को एक बयान में कहा कि राजौरी के बादल गांव में हुई इन रहस्यमयी मौतों के कारण वायरस या संक्रमण नहीं, बल्कि जहरीला कैडमियम हो सकता है. उन्होंने यह भी कहा कि "प्रारंभिक जांच में पाया गया है कि मौतें संक्रमण, वायरल या बैक्टीरियल के कारण नहीं हुई हैं. वे जहरीले पदार्थों के कारण हुई हैं. विष के प्रकार की पहचान करने के लिए परीक्षण किए जा रहे हैं."

200 लोग आइसोलेशन में

राजौरी जिले के अधिकारियों ने बताया कि बडहाल गांव में मस्तिष्क और तंत्रिका तंत्र को नुकसान देने वाले समान लक्षणों के साथ 17 लोग अपनी जान गंवा चुके हैं. प्रभावित परिवारों के संपर्क में आए 200 से अधिक लोगों को राजौरी के एक नर्सिंग कॉलेज और जीएमसी अस्पताल के आइसोलेशन सेंटर में भेजा गया है. इन लोगों में मृतकों के रिश्तेदार, अस्पताल लाने वाले और जनाजे में शामिल लोग शामिल हैं. अधिकारियों ने कहा कि इन लोगों को संक्रमण की शृंखला को तोड़ने के लिए आइसोलेशन में रखा गया है.

मौतों के कारण की जांच जारी

अधिकारियों ने बताया कि एयरलिफ्ट करके जम्मू के अस्पताल में भेजे गए तीन मरीजों की स्थिति पर नजर रखी जा रही है. केंद्रीय टीम इन मौतों के कारण का पता लगाने के लिए विभिन्न परीक्षण कर रही है. इस मामले में 230 से अधिक सैंपल विभिन्न संस्थानों में टेस्ट के लिए भेजे गए हैं.

जांच रिपोर्ट का इंतजार

जांच रिपोर्ट आने के बाद ही इस बीमारी के कारण का स्पष्ट आकलन किया जा सकेगा. अधिकारियों का कहना है कि अगर यह किसी शरारत या अस्वस्थता के कारण हुआ तो उचित कार्रवाई की जाएगी. इस बीच, गांव में सामुदायिक भोज के आयोजन पर भी प्रतिबंध लगा दिया गया है, ताकि स्थिति और न बिगड़े. First Updated : Friday, 24 January 2025