पटना: बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के नतीजों से पहले कांग्रेस को डबल झटका लगा है. एक तरफ तो एग्जिट पोल में एनडीए की सरकार बनने का अनुमान जताया जा रहा है, तो दूसरी तरफ कांग्रेस के वरिष्ठ नेता शकील अहमद खान ने पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है. बताया जा रहा है कि कांग्रेस नेता शकील अहमद खान बिहार विधानसभा चुनाव में टिकट बांटे जाने से नाराज चल रहे थे.
कांग्रेस नेता पत्र में लिखा कि मैंने पार्टी को सूचित किया था कि मैं अब भविष्य में कभी चुनाव नहीं लडूंगा. अभी हाल ही में मैंने यह घोषणा भी कर दी थी कि मेरे तीनों पुत्र कनाडा में रहते हैं और उनमें से किसी की भी राजनीति में शामिल होने में कोई रुचि नहीं है, इसलिए वह भी चुनाव नहीं लड़ेंगे, लेकिन मैं फिर भी जीवन भर कांग्रेस में बना रहूंगा. परन्तु अध्यक्ष महोदय यह अब संभव नहीं लगता है. बहुत ही दुखी मन से मैंने कांग्रेस पार्टी की सदस्यता से इस्तीफा देने का फैसला लिया है.
उन्होंने आगे लिखा कि पार्टी की सदस्यता से अलग होने का यह मतलब नहीं है कि मैं किसी दूसरी पार्टी या दल में शामिल हो रहा हूँ. मेरा किसी दूसरी पार्टी में शामिल होने का कोई इरादा नहीं है. अपने पूर्वजों की तरह मुझे भी कांग्रेस की नीतियों और सिद्धांतों में अटूट विश्वास है और मैं जीवन भर कांग्रेस की नीतियों और सिद्धांतों का शुभचिंतक और समर्थक बना रहूंगा और मेरे जीवन का अंतिम वोट भी कांग्रेस के पक्ष में ही गिरेगा.
कांग्रेस नेता ने लिखा कि पार्टी की सदस्यता त्यागने का फैसला तो मैंने पहले ही कर लिया था, परन्तु इसकी घोषणा आज मतदान समाप्त होने के बाद कर रहा हूँ, क्योंकि मैं नहीं चाहता था कि मतदान से पहले कोई गलत संदेश जाये और मेरी वजह से पार्टी को पाँच वोट का भी नुकसान हो.
अस्वस्थ रहने के कारण में प्रचार तो नहीं कर सका मगर उम्मीद है कि इस बार कांग्रेस की सीटें भी बढ़ेंगी और हमारे गठबंधन की एक मजबूत सरकार बनेगी. अंत में एक बार फिर कहूंगा कि मेरा मतभेद वर्तमान में पार्टी की सत्ता में बैठे कुछ व्यक्तियों से हो सकता है, मगर पार्टी की नीतियों और सिद्धांतों पर मुझे अटूट विश्वास है. कृप्या मेरे इस पत्र को भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा माना जाये. First Updated : Tuesday, 11 November 2025