Budget 2025: आज से संसद का बजट सत्र शुरू होने जा रहा है, जिसमें कई बड़े मुद्दों पर चर्चा होने की संभावना है. राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु के अभिभाषण के साथ सत्र की शुरुआत होगी, जिसके बाद वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण देश की आर्थिक स्थिति पर एक महत्वपूर्ण दस्तावेज आर्थिक सर्वेक्षण 2025 पेश करेंगी. इस सत्र में विपक्ष पूरी तरह से आक्रामक रहेगा और सरकार को विभिन्न मुद्दों पर घेरने की तैयारी में है.
संसद में इस बार कई बड़े राजनीतिक और आर्थिक मुद्दों पर हंगामा देखने को मिल सकता है. विपक्षी दलों ने महाकुंभ की अव्यवस्थाओं, बेरोजगारी और किसानों की स्थिति जैसे मुद्दों को लेकर सरकार से जवाब मांगने की योजना बनाई है. वहीं, सरकार का ध्यान आर्थिक सुधारों, घरेलू मांग को बढ़ाने और रोजगार सृजन पर होगा.
बजट सत्र से पहले हुई सर्वदलीय बैठक में विपक्षी दलों ने प्रयागराज महाकुंभ में भगदड़ और प्रशासनिक लापरवाहियों पर कड़ा रुख अपनाया. विपक्ष का कहना है कि इस मुद्दे पर सदन में चर्चा होनी चाहिए. सरकार ने इसे राज्य सरकार का विषय बताते हुए चर्चा से इनकार कर दिया. वहीं कांग्रेस और समाजवादी पार्टी ने इसे राष्ट्रीय स्तर का मुद्दा बताते हुए बहस की मांग की.
राष्ट्रपति के अभिभाषण के बाद वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण दोनों सदनों में आर्थिक सर्वेक्षण 2025 पेश करेंगी. यह दस्तावेज देश की आर्थिक स्थिति और आगामी बजट में संभावित नीतियों का संकेत देगा.
आर्थिक मंदी से निपटने के उपाय
रोजगार बढ़ाने पर जोर
घरेलू मांग को प्रोत्साहित करने की रणनीति
सरकार की आगामी वित्तीय प्राथमिकताएं
शनिवार, 1 फरवरी को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण आम बजट पेश करेंगी. सूत्रों के मुताबिक, यह बजट आर्थिक सुस्ती दूर करने और विकास को गति देने पर केंद्रित रहेगा.
रोजगार बढ़ाने के लिए नए उपाय
मध्यम वर्ग को टैक्स में राहत
इंफ्रास्ट्रक्चर और कृषि क्षेत्र में निवेश
डिजिटल और ग्रीन इकोनॉमी पर फोकस
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में हुई सर्वदलीय बैठक में सरकार ने बताया कि वह वक्फ, इमिग्रेशन समेत कुल 16 विधेयक पेश करने की तैयारी में है. हालांकि, विपक्ष ने बेरोजगारी, किसानों की स्थिति और महाकुंभ जैसी घटनाओं पर चर्चा कराने की मांग की.
बजट सत्र में जहां सरकार आर्थिक सुधारों और विकास योजनाओं को आगे बढ़ाने पर ध्यान देगी, वहीं विपक्ष बेरोजगारी, महाकुंभ, और किसानों की समस्याओं को लेकर सरकार पर निशाना साधेगा. ऐसे में यह सत्र काफी गर्मागर्म बहस और राजनीतिक टकराव से भरा रहेगा. First Updated : Friday, 31 January 2025