भारतीय जनता पार्टी के सांसद दिनेश शर्मा ने गुरुवार को राजधानी दिल्ली में तुगलक लेन का नाम बदलकर स्वामी विवेकानंद मार्ग कर दिया. यह कदम पार्टी विधायकों की शहर के विभिन्न क्षेत्रों का नाम बदलने की मांग के अनुसार है. यह घटना ऐसे समय में हुई है जब शर्मा ने दिल्ली के तुगलक लेन स्थित अपने नए आवंटित आवास में 'गृह प्रवेश' किया है. यह वह नाम था जिसे उन्होंने नेमप्लेट पर "स्वामी विवेकानंद मार्ग" लिखकर छिपा दिया था. दिनेश शर्मा ने अपने परिवार के सदस्यों के साथ अपने 'गृह प्रवेश' की तस्वीरें एक्स पर साझा कीं, जिसमें नया पता "6-स्वामी विवेकानंद मार्ग (तुगलक लेन)" दिखाया गया है.
बीजेपी सांसद ने तस्वीरों के साथ एक्स पर पोस्ट किया, "आज, नई दिल्ली में स्वामी विवेकानंद मार्ग (तुगलक लेन) स्थित नए आवास में, मैंने अपने परिवार के साथ सभी अनुष्ठानों और प्रार्थनाओं के साथ गृह प्रवेश समारोह किया." हालांकि, उन्होंने अपने पोस्ट में नाम परिवर्तन का स्पष्ट उल्लेख नहीं किया.
नामपट्टिका में 'स्वामी विवेकानंद मार्ग' अंकित करने का उनका कदम बीजेपी विधायकों द्वारा शहर के कई क्षेत्रों का नाम बदलने की बढ़ती मांग के बीच उठाया गया है. इस बीच, भाजपा सांसद कृष्णपाल गुर्जर ने भी अपने आवास का नाम बदलकर स्वामी विवेकानंद मार्ग रख लिया है.
उल्लेखनीय है कि राष्ट्रीय राजधानी में तुगलक रोड का नाम बदलकर 2015 में अब्दुल कलाम रोड कर दिया गया था. यह निर्णय नई दिल्ली नगरपालिका परिषद (एनडीएमसी) ने उस वर्ष अगस्त में पूर्व राष्ट्रपति डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम के निधन के बाद उनके सम्मान में लिया था. इससे पहले इस सड़क का नाम तुगलक वंश के संस्थापक गयासुद्दीन तुगलक के नाम पर रखा गया था.
दिल्ली में 27 साल बाद भाजपा की सरकार बनने के बाद शहर के कई इलाकों का नाम बदलने की मांग तेज हो गई है. बीजेपी विधायकों ने मुस्तफाबाद और नजफगढ़ का नाम बदलने की मांग की है. मोहन सिंह बिष्ट ने मुस्तफाबाद का नाम बदलकर शिवपुरी या शिव विहार करने का प्रस्ताव रखा, जबकि नीलम पहलवान ने नजफगढ़ का नाम बदलकर नाहरगढ़ करने का प्रस्ताव रखा.
मोहन बिष्ट ने विधानसभा में कहा कि 1857 के विद्रोह में राजा नाहर सिंह ने लड़ाई लड़ी और नजफगढ़ क्षेत्र को दिल्ली के क्षेत्र में शामिल किया. तत्कालीन सांसद प्रवेश वर्मा सहित कई प्रयासों के बावजूद, हमने नजफगढ़ का नाम बदलकर 'नाहरगढ़' करने की कोशिश की. मुझे उम्मीद है कि आप सभी इसमें हमारा साथ देंगे. शहर में अकबर रोड का नाम बदलने की भी कई बार मांग की गई है, जहां इस वर्ष जनवरी तक कांग्रेस पार्टी का मुख्यालय स्थित था. First Updated : Friday, 07 March 2025