Delhi School Fee Bill 2025 : दिल्ली विधानसभा के मानसून सत्र के चौथे दिन "दिल्ली स्कूल शिक्षा पारदर्शिता, शुल्क निर्धारण एवं विनियमन विधेयक 2025" पारित कर दिया गया. शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने इस विधेयक को पहले दिन सदन में पेश किया था. इस बिल का उद्देश्य है कि शिक्षा को व्यापार से मुक्त रखा जाए और निजी स्कूलों की मनमानी फीस वृद्धि पर नियंत्रण लगाया जाए.
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता का बयान
सीएम रेखा गुप्ता ने कहा कि दिल्ली सरकार का यह कदम ऐतिहासिक है. उन्होंने इसे 52 साल के वनवास की समाप्ति बताया और कहा कि अब अभिभावकों को राहत मिलेगी. सरकार ने इस कानून के ज़रिए शिक्षा को सस्ती और सबके लिए सुलभ बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया है. उन्होंने मंत्रिमंडल और भारत सरकार का भी आभार जताया.
शिक्षा मंत्री आशीष सूद का दृष्टिकोण
शिक्षा मंत्री ने कहा कि इस कानून से माता-पिता को निजी स्कूलों की मनमानी लूट से मुक्ति मिलेगी. उन्होंने इसे एक जनहितैषी और पारदर्शी पहल करार दिया.
विपक्ष की आपत्ति और सुझाव
आम आदमी पार्टी (AAP) ने इस विधेयक को सिलेक्ट कमेटी के पास भेजने की मांग की है. नेता प्रतिपक्ष आतिशी ने कहा कि बिल पर किसी भी पक्ष से सलाह नहीं ली गई. उन्होंने सुझाव दिया कि कमेटी में AAP और BJP के विधायक शामिल हों और जनता से राय लेकर आगे की प्रक्रिया तय की जाए. साथ ही उन्होंने पिछले साल की फीस को मान्य मानने और इस वर्ष की बढ़ी हुई फीस को रद्द करने की मांग की.
First Updated : Friday, 08 August 2025