मॉनसून ने बढ़ाई रफ्तार, IMD का बड़ा अपडेट; जानें दिल्ली-UP में कब होगी बारिश
देशभर में भीषण गर्मी के बीच राहत की खबर है कि दक्षिण-पश्चिम मॉनसून समय से पहले सक्रिय हो गया है और 26 मई तक केरल पहुंच सकता है. मौसम विभाग के अनुसार, यूपी-बिहार में 15 जून के आसपास जबकि दिल्ली में 25 जून तक मॉनसून दस्तक दे सकता है.

नई दिल्ली: देशभर में पड़ रही तेज गर्मी के बीच मॉनसून को लेकर राहत भरी खबर सामने आई है. दक्षिण-पश्चिम मॉनसून ने तय समय से पहले अपनी रफ्तार पकड़ ली है और 16 मई को दक्षिण-पूर्वी अरब सागर, बंगाल की खाड़ी के कई हिस्सों, अंडमान सागर और निकोबार द्वीप समूह तक पहुंच गया.
मौसम विभाग का क्या अनुमान है?
मौसम विभाग का अनुमान है कि मॉनसून 26 मई तक केरल में दस्तक दे सकता है. यदि ऐसा होता है तो यह सामान्य तारीख से करीब चार से पांच दिन पहले होगा. आमतौर पर केरल में मॉनसून की एंट्री 1 जून को मानी जाती है.
मॉनसून के समय से पहले सक्रिय होने से देश के कई हिस्सों में भीषण गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद बढ़ गई है. केरल पहुंचने के बाद मॉनसून धीरे-धीरे दक्षिण से उत्तर भारत की ओर बढ़ता है और अलग-अलग राज्यों में बारिश का दौर शुरू हो जाता है. हालांकि मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि मॉनसून की आगे की रफ्तार कई मौसमी परिस्थितियों पर निर्भर करती है. इसलिए हर राज्य में इसके पहुंचने की तारीख में थोड़ा बदलाव संभव है.
उत्तर भारत की बात करें तो उत्तर प्रदेश में मॉनसून आमतौर पर 15 जून के आसपास पहुंचता है. राज्य के कुछ पूर्वी और उत्तरी इलाकों में इसकी एंट्री 20 जून तक हो सकती है. इस बार केरल में जल्दी पहुंचने के संकेत मिलने के कारण उम्मीद जताई जा रही है कि यूपी में भी मॉनसून थोड़ा पहले आ सकता है. हालांकि अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है. वहीं दिल्ली में मॉनसून के 25 जून तक पहुंचने का अनुमान है.
मध्य भारत में भी मॉनसून का असर जून के दूसरे सप्ताह से दिखाई देने लगता है. महाराष्ट्र और तेलंगाना में लगभग 10 जून तक मॉनसून दस्तक देता है. इसके बाद मध्य प्रदेश के कई हिस्सों में 15 जून से बारिश शुरू हो सकती है, जबकि कुछ क्षेत्रों में 20 जून तक मॉनसून पहुंचने की संभावना है. छत्तीसगढ़ में भी जून के मध्य तक अच्छी बारिश की उम्मीद जताई जा रही है.
तमिलनाडु में कब पहुंचेगा मॉनसून?
दक्षिण भारत के राज्यों में तमिलनाडु में मॉनसून 1 जून तक पहुंच सकता है. वहीं कर्नाटक और आंध्र प्रदेश में 5 जून के आसपास बारिश का सिलसिला शुरू होने की संभावना है. इन राज्यों में मॉनसून की शुरुआती बारिश से तापमान में गिरावट आने की उम्मीद है.
पूर्वी भारत की बात करें तो बिहार में 15 जून तक मॉनसून पहुंच सकता है. वहीं गुजरात में 20 जून के आसपास बारिश की शुरुआत होने की संभावना है, जबकि कुछ इलाकों में मॉनसून 25 जून तक सक्रिय हो सकता है. राजस्थान में लोगों को सबसे ज्यादा इंतजार करना पड़ सकता है, क्योंकि वहां मॉनसून जून के आखिरी सप्ताह या जुलाई के पहले सप्ताह तक पहुंचने की संभावना रहती है.
पर्वतीय राज्यों में उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर में भी जून के अंतिम सप्ताह तक मॉनसून पहुंच सकता है. मौसम विभाग के अनुसार, इस बार मॉनसून सामान्य से बेहतर रहने के संकेत हैं, जिससे खेती-किसानी और जल संकट से जूझ रहे इलाकों को बड़ी राहत मिल सकती है.


