पानीपत में डॉक्टरों की लापरवाही, पैर के फ्रैक्चर की जगह किया दिल का ऑपरेशन, महिला की मौत

पानीपत के एक निजी अस्पताल पर सड़क हादसे में घायल महिला के गलत इलाज का आरोप लगा है, जहां पैर के फ्रैक्चर की जगह कथित तौर पर दिल में स्टेंट डालने के बाद उसकी मौत हो गई. परिजनों ने बिना अनुमति ऑपरेशन, फर्जी हस्ताक्षर और मेडिकल लापरवाही का आरोप लगाया है, जबकि पुलिस ने डॉक्टरों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.

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नई दिल्ली: हरियाणा के पानीपत में एक निजी अस्पताल पर मेडिकल लापरवाही का गंभीर आरोप लगा है. बता दें, सड़क हादसे में घायल महिला को पैर के फ्रैक्चर के इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया था, लेकिन इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई. परिजनों का आरोप है कि डॉक्टरों ने पैर का ऑपरेशन करने के बजाय बिना उनकी अनुमति महिला के दिल में स्टेंट डाल दिया. इस मामले में पुलिस ने शिकायत के आधार पर डॉक्टरों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. क्या है पूरा मामला चलिए जानते है. 

गुड्डी देवी के रूप में हुई मृतका की पहचान 

मृतका की पहचान रमेश नगर निवासी गुड्डी देवी के रूप में हुई है. उनके बेटे कुलदीप ने बताया कि 24 जुलाई को उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में बाइक दुर्घटना के दौरान उनकी मां के पैर में फ्रैक्चर हो गया था. प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें पानीपत के जीटी रोड स्थित पार्क अस्पताल में भर्ती कराया गया. परिवार का कहना है कि महिला का आयुष्मान कार्ड होने के कारण अस्पताल ने तुरंत भर्ती कर इलाज शुरू कर दिया.

परिजनों के अनुसार, डॉक्टरों ने पैर का ऑपरेशन करने के बजाय दिल में स्टेंट डाल दिया। उनका आरोप है कि इस प्रक्रिया के लिए परिवार की कोई अनुमति नहीं ली गई. इतना ही नहीं, भर्ती से जुड़े दस्तावेजों पर मेडिकल स्टाफ ने कथित रूप से फर्जी हस्ताक्षर भी कर दिए.

अस्पताल के लोगों ने दी धमकी 

कुलदीप का कहना है कि जब उन्होंने अस्पताल प्रशासन से इस बारे में सवाल किए तो उन्हें संतोषजनक जवाब नहीं मिला. उन्होंने आरोप लगाया कि विरोध करने पर अस्पताल के कर्मचारियों ने उन्हें धमकाया और कहा कि वे जो करना चाहें कर लें, अस्पताल पर इसका कोई असर नहीं पड़ेगा. घटना के बाद परिजनों ने सेक्टर-29 थाना पुलिस में शिकायत दर्ज कराई.

पुलिस ने दर्ज किया मामला 

पुलिस ने शिकायत के आधार पर संबंधित डॉक्टरों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 106, 318(4) और 351(2) के तहत मामला दर्ज कर लिया है. पुलिस का कहना है कि शव का पोस्टमॉर्टम कराया जा रहा है और मेडिकल रिकॉर्ड सहित सभी पहलुओं की जांच की जाएगी. जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी. वहीं, अस्पताल प्रशासन की ओर से फिलहाल मामले पर विस्तृत प्रतिक्रिया नहीं दी गई है. अस्पताल की मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) नेहा ने कहा कि एफआईआर की प्रति देखने के बाद ही इस संबंध में आधिकारिक बयान दिया जाएगा। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है.  First Updated : Sunday, 26 July 2026