नई दिल्लीः केंद्रीय गृह मंत्रालय ने मध्य प्रदेश के पुलिस महानिदेशक (DGP) को एक अहम पत्र भेजकर सतर्क किया है कि केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान को लेकर गंभीर सुरक्षा इनपुट सामने आए हैं. गृह मंत्रालय के अनुसार, पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी ISI की ओर से शिवराज सिंह चौहान से जुड़ी जानकारियां जुटाने की कोशिश की जा रही थी. इस अलर्ट के बाद उनकी सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त कर दिया गया है.
सूत्रों के मुताबिक, जैसे ही यह सूचना सामने आई, केंद्र और राज्य स्तर की सुरक्षा एजेंसियां हरकत में आ गईं. दिल्ली और भोपाल, दोनों जगहों पर शिवराज सिंह चौहान की सुरक्षा समीक्षा की गई और मौजूदा इंतजामों को मजबूत किया गया. शुक्रवार देर रात भोपाल स्थित उनके सरकारी आवास के बाहर अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती देखी गई, जिससे यह साफ हो गया कि खतरे को गंभीरता से लिया जा रहा है.
केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान पहले से ही Z+ श्रेणी की सुरक्षा के दायरे में आते हैं, जिसे देश में सबसे उच्च स्तरीय सुरक्षा माना जाता है. हालांकि, ISI से जुड़े इनपुट मिलने के बाद उनकी सुरक्षा में और इजाफा किया गया है. सुरक्षा एजेंसियां अब उनके हर मूवमेंट पर पहले से ज्यादा पैनी नजर रख रही हैं.
बढ़े हुए सुरक्षा अलर्ट के बावजूद शिवराज सिंह चौहान ने अपने सार्वजनिक कार्यक्रमों में भाग लेना जारी रखा. शनिवार को वे भोपाल में पौधारोपण कार्यक्रम में शामिल हुए. उन्होंने सोशल मीडिया पर तस्वीरें साझा करते हुए लिखा कि वे अपने “प्रतिदिन पौधारोपण” के संकल्प के तहत स्मार्ट सिटी पार्क में परिवार के सदस्यों के साथ पौधे लगाने पहुंचे.
उन्होंने अपने संदेश में कहा कि पौधारोपण केवल पेड़ लगाना नहीं, बल्कि भविष्य की पीढ़ियों के लिए बेहतर जीवन और स्वच्छ वातावरण तैयार करने का संकल्प है. उन्होंने लोगों से इस अभियान से जुड़ने और धरती को हरा-भरा बनाने की अपील भी की.
भारत में Z+ सुरक्षा को सबसे मजबूत सुरक्षा कवच माना जाता है. इसके तहत किसी वीवीआईपी की सुरक्षा में 10 से अधिक एनएसजी कमांडो तैनात रहते हैं. इसके अलावा स्थानीय पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियों के प्रशिक्षित जवानों को मिलाकर कुल करीब 50 से 55 सुरक्षाकर्मी हर समय सुरक्षा घेरे में रहते हैं. Z+ श्रेणी के कमांडो विशेष रूप से मार्शल आर्ट्स, हथियार संचालन और आपात परिस्थितियों से निपटने में दक्ष होते हैं.
First Updated : Saturday, 13 December 2025