नई दिल्ली: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि उन्हें ईरान के सर्वोच्च नेता मोजतबा खामेनेई के ठिकाने के बारे में काफी हद तक जानकारी है। NBC न्यूज़ के शो 'मीट द प्रेस' में इंटरव्यू के दौरान ट्रंप ने यह बात कही। हालांकि उन्होंने साफ तौर पर लोकेशन बताने से इनकार कर दिया।
ट्रंप से जब पूछा गया कि क्या उन्हें पता है खामेनेई कहाँ हैं और उनकी हालत कैसी है, तो उन्होंने कहा कि इस बात की काफी संभावना है कि उन्हें पता है। लेकिन ईरान के अंदर हैं या नहीं, इस सवाल पर उन्होंने जवाब देने से बचते हुए कहा कि वह इस बारे में कुछ नहीं कहना चाहते।
फरवरी में हुए हमले के बाद से मोजतबा खामेनेई सार्वजनिक रूप से सामने नहीं आए हैं। उस हमले में उनके पिता अली खामेनेई और कई सैन्य अधिकारी मारे गए थे। तब से खामेनेई के नाम से सिर्फ लिखित संदेश जारी हुए हैं, जिन्हें सरकारी मीडिया पर पढ़ा गया।
ट्रंप ने कहा कि खामेनेई काफी बुरी तरह घायल हैं। इसके बावजूद वह बयान जारी कर रहे हैं और ईरान के हालात पर बात कर रहे हैं। ट्रंप के मुताबिक इसमें एक तरह की बहादुरी है। उन्होंने खामेनेई को उनके पिता की तुलना में ज्यादा व्यावहारिक और तर्कसंगत बताया।
ट्रंप ने कहा कि इतनी गंभीर चोट के बाद भी अगर कोई नेता अमेरिका से रिश्तों पर बात करता रहे तो यह सामान्य बात नहीं है। उनके दिमाग में उस वक्त दूसरी चिंताएं होतीं।
28 फरवरी को हुए हमले के बाद से ईरान के नेतृत्व ढांचे और मोजतबा खामेनेई की भूमिका पर सवाल उठ रहे हैं। पिछले हफ्ते ट्रंप ने कहा था कि वह अयातुल्ला से मिलना चाहते हैं। उन्होंने यह भी दावा किया कि ईरान अपने परमाणु कार्यक्रम को रोकने पर राजी हो गया है। लेकिन तेहरान ने ट्रंप के इस दावे को तुरंत खारिज कर दिया। ईरान का कहना है कि उसका परमाणु कार्यक्रम पूरी तरह शांतिपूर्ण है और वह हथियार बनाने की योजना नहीं रखता।
फिलहाल खामेनेई के ठिकाने और उनकी सेहत को लेकर कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। ट्रंप के बयान के बाद अटकलें और तेज हो गई हैं कि ईरान के सत्ता तंत्र में अंदरखाने क्या चल रहा है। विश्लेषकों का मानना है कि अगर खामेनेई लंबे समय तक सार्वजनिक मंच से दूर रहते हैं तो इससे ईरान की राजनीति और परमाणु वार्ता दोनों पर असर पड़ सकता है। First Updated : Sunday, 07 June 2026