Israel-Gaza Conflict: हमास का नामो-निशान मिटाकर ही रुकेगा इजरायल! नेतन्याहू ने फिर दिया अल्टीमेटम

इजरायल-गाजा संघर्ष पर एक बार फिर सख्त रुख अपनाते हुए प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने चेतावनी दी है. नेतन्याहू ने कहा है कि अगर प्रस्तावित 60 दिन की युद्धविराम वार्ता विफल होती है, तो इजरायल हमास के खिलाफ दोबारा सैन्य कार्रवाई करेगा. नेतन्याहू ने साफ कहा कि उनका लक्ष्य हमास का पूरी तरह से खात्मा है.

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Israel-Gaza Conflict: वॉशिंगटन से लौटते ही इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने गाजा युद्ध को लेकर बड़ा बयान दिया है. उन्होंने साफ कहा कि संघर्ष अभी खत्म नहीं हुआ है. अगर प्रस्तावित 60 दिन की युद्धविराम वार्ता विफल होती है, तो इजरायल एक बार फिर सैन्य कार्रवाई के लिए तैयार है. नेतन्याहू ने दो टूक कहा कि अस्थायी युद्धविराम सिर्फ बंधकों की रिहाई के लिए है, लेकिन इजरायल का अंतिम लक्ष्य हमास की पूरी सैन्य और राजनीतिक संरचना को खत्म करना है.

नेतन्याहू ने यह बयान वॉशिंगटन यात्रा के समापन पर एक वीडियो संदेश में दिया. इस दौरान उन्होंने ईरान के खिलाफ ऐतिहासिक जीत और अमेरिका दौरे को ‘ऐतिहासिक यात्रा’ बताते हुए स्पष्ट किया कि इजरायल की शांति सिर्फ एक शर्त पर संभव है हमास का पूरी तरह से निरस्त्रीकरण, गाजा का असैन्यीकरण और हमास शासन का अंत.

अस्थायी युद्धविराम का मकसद बंधकों की रिहाई

नेतन्याहू ने कहा, “हम इस समय जीवित और मृत बंधकों में से आधे की रिहाई के लिए एक अस्थायी 60 दिन के युद्धविराम की कोशिश कर रहे हैं.” उन्होंने स्पष्ट किया कि इस अस्थायी विराम की शुरुआत के साथ ही स्थायी युद्धविराम और शांति समझौते पर बातचीत शुरू होगी. हालांकि, उन्होंने चेताया कि यह बातचीत इजरायल की न्यूनतम शर्तों को पूरा करे जिनमें गाजा का पूरी तरह से असैन्यीकरण और हमास का हथियार डालना शामिल है.

बातचीत फेल हुई तो फिर युद्ध तय: नेतन्याहू

इजरायली प्रधानमंत्री ने कड़े शब्दों में कहा, "अगर यह सब 60 दिन की बातचीत में नहीं हासिल होता है, तो हम इसे दूसरे तरीकों से(हमारी वीर सेना की ताकत से) हासिल करेंगे." नेतन्याहू के इस बयान को इजरायल की स्पष्ट चेतावनी माना जा रहा है कि यदि हमास झुकता नहीं है, तो फिर से युद्ध शुरू किया जाएगा.

आतंक के खिलाफ जंग में महत्वपूर्ण जीतें: नेतन्याहू

नेतन्याहू ने अपने संबोधन में यह भी माना कि गाजा और वेस्ट बैंक में आतंक के खिलाफ की गई कार्रवाई में इजरायल को बड़ी उपलब्धियां हासिल हुई हैं. उन्होंने कहा, "हमने आतंक के खिलाफ लड़ाई में महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल की हैं, लेकिन इन जीतों की कीमत भी बहुत दर्दनाक रही है." उन्होंने यह भी जोड़ा, "हमने कई ऑपरेशन सफलतापूर्वक अंजाम दिए हैं, लेकिन हमारे सैनिकों और नागरिकों को भारी नुकसान और बलिदान भी झेलना पड़ा है."

First Updated : Friday, 11 July 2025