Israel Hamas talks: इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने शनिवार को एक टेलीविजन संदेश के माध्यम से जानकारी दी कि अमेरिकी मध्यस्थता वाला गाजा शांति प्रस्ताव आगे बढ़ रहा है और उसके तहत हमास के साथ अप्रत्यक्ष वार्ता तीव्र गति पकड़ी है. उन्होंने बताया कि इजरायल की वार्ता टीम तकनीकी बिंदुओं को अंतिम रूप देने के लिए मिस्र भेजी जा रही है. नेतन्याहू ने आशा व्यक्त की कि निकट दिनों में गाजा से बंधकों की रिहाई की घोषणा संभव हो सकेगी.
व्हाइट हाउस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने पहले पुष्टि की कि दो अमेरिकी प्रतिनिधि टीम भी मिस्र जा रही है ताकि बंधकों की रिहाई तथा युद्धविराम के प्रस्तावित उपायों के क्रियान्वयन पर बातचीत हो सके. नेतन्याहू ने कहा कि उन्होंने वार्ता दल को निर्देश दिया है कि वे तकनीकी और प्रशासनिक प्रक्रियाओं पर तेज़ी से काम करें ताकि शांति समझौते का पहला चरण जल्दी लागू किया जा सके.
नेतन्याहू ने हमास को निशस्त्रीकरण करने का दृढ़ संकल्प दोहराया. उनके शब्दों में, “हमास का निष्क्रियकरण होगा यह या तो ट्रंप के प्रस्ताव के माध्यम से होगा या हमारी सैन्य कार्रवाई से.” उन्होंने अमेरिका को भी अपनी स्थिति से अवगत कराया. नेतन्याहू के कार्यालय ने कहा कि यदि हमास सकारात्मक संकेत देता है, तो इजरायल तुरंत प्रस्ताव के पहले चरण को लागू करने को तैयार है.
हमास ने ट्रंप के अल्टीमेटम के जवाब में एक सकारात्मक रुख अपनाया. संगठन ने कहा कि वह अमेरिकी ढांचे के तहत सभी इजरायली बंधकों जीवित और मृत को रिहा करने के लिए तैयार है और साथ ही गाजा के प्रशासन से हटने की शर्त भी स्वीकार की है. इस पर ट्रंप ने स्वागत व्यक्त किया और इजरायल से बमबारी तुरंत रोकने का आग्रह किया.
ट्रंप के 20-बिंदु वाले शांति प्रस्ताव का केंद्रीय उद्देश्य युद्धविराम, बंधकों का आदान-प्रदान और गाजा के पुनर्निर्माण को पुख्ता करना है. प्रमुख प्रावधानों में शामिल हैं तत्काल युद्धविराम. बंधकों की जल्द रिहाई. बंधकों के बदले फिलिस्तीनी कैदियों की रिहाई; हमास का निरस्त्रीकरण और गाजा प्रशासन से हटाना. गाजा में अंतरराष्ट्रीय निगरानी में एक अस्थायी तकनीकी सरकार की स्थापना जिसमें हमास की भागीदारी न हो. इजरायली बलों की चरणबद्ध वापसी. तथा गाजा को कट्टरपंथ-रहित और पड़ोसियों के लिए खतरा न रहने वाला क्षेत्र बनाना.
मिस्र में तय हुई वार्ता के परिणाम और हमास द्वारा स्वीकार किए गए बिंदु इस प्रक्रिया की सफलता का निर्धारण करेंगे. सबसे बड़ा विवाद बिंदु गाजा की भविष्य की राजनीतिक व्यवस्था और हमास के हथियार छोड़ने की शर्त है. यदि दोनों पक्ष सहमति तक पहुंचते हैं तो बंधकों की रिहाई और जमीनी राहत कार्यों की राह खुल सकती है. अन्यथा नेतन्याहू की चेतावनी के अनुसार सैन्य विकल्प फिर से सक्रिय हो सकता है.
First Updated : Sunday, 05 October 2025