नई दिल्ली: अमेरिका और ईरान के बीच लंबे समय से चल रहे तनाव को कम करने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है. दोनों देशों के नेताओं द्वारा समझौते पर हस्ताक्षर किए जाने के बाद यह डील तुरंत प्रभाव से लागू हो गई है. हालांकि, इस समझौते को औपचारिक रूप देने के लिए शुक्रवार को स्विट्जरलैंड में एक विशेष हस्ताक्षर समारोह आयोजित किया जाएगा.
पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जानकारी साझा करते हुए कहा कि अमेरिका और ईरान के शीर्ष नेतृत्व ने समझौते पर हस्ताक्षर कर दिए हैं. उन्होंने बताया कि दोनों पक्षों ने पाकिस्तान और कतर को मध्यस्थ के रूप में स्वीकार किया है और उनकी मौजूदगी में आगे की प्रक्रिया पूरी की जाएगी. शरीफ के अनुसार, यह समझौता साइन होते ही लागू हो चुका है और इसके तहत दोनों देशों ने कुछ शुरुआती कदमों पर सहमति बनाई है.
पाकिस्तानी प्रधानमंत्री ने कहा कि समझौते के पहले चरण में ईरान होर्मुज स्ट्रेट को फिर से खोलने की प्रक्रिया शुरू करेगा. यह समुद्री मार्ग वैश्विक तेल आपूर्ति के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है. इसके साथ ही अमेरिका भी अपनी नौसैनिक नाकाबंदी हटाने की दिशा में कदम उठाएगा. माना जा रहा है कि इस फैसले से क्षेत्र में तनाव कम होगा और अंतरराष्ट्रीय व्यापार तथा ऊर्जा आपूर्ति को राहत मिलेगी.
शहबाज शरीफ ने बताया कि पाकिस्तान और कतर मिलकर शुक्रवार को स्विट्जरलैंड में एक औपचारिक साइनिंग सेरेमनी आयोजित करेंगे. इस कार्यक्रम में समझौते से जुड़े प्रतिनिधियों और मध्यस्थ देशों के अधिकारियों के शामिल होने की संभावना है. उनका यह बयान उस समय आया जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया कि उन्होंने फ्रांस के पैलेस ऑफ वर्सेल्स में आयोजित एक डिनर के दौरान समझौते पर हस्ताक्षर कर दिए हैं.
यह समझौता अमेरिका और ईरान के बीच संबंधों को बेहतर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है. यदि दोनों पक्ष अपनी प्रतिबद्धताओं का पालन करते हैं तो क्षेत्रीय स्थिरता और वैश्विक ऊर्जा बाजार पर इसका सकारात्मक असर देखने को मिल सकता है. First Updated : Thursday, 18 June 2026