पाकिस्तान के डिप्टी प्रधानमंत्री इशाक डार ने पहली बार कबूल किया है कि भारत ने 'ऑपरेशन सिंदूर' के तहत पाकिस्तान के दो प्रमुख एयरबेस- नूर खान (रावलपिंडी) और शोरकोट (पंजाब) को निशाना बनाया था. ये हमले 7 मई को उस आतंकवादी हमले की प्रतिक्रिया में किए गए जिसमें जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में 26 निर्दोष नागरिकों की जान चली गई थी. डार ने यह भी बताया कि भारतीय हमले के महज 45 मिनट बाद सऊदी अरब के प्रिंस फैसल बिन सलमान ने उन्हें फोन कर भारत से बात करने की पेशकश की थी.
डिप्टी पीएम इशाक डार के इस बयान ने पाकिस्तान सरकार और सेना के उन सभी दावों को झुठला दिया है, जिसमें कहा गया था कि भारत के हमलों से कोई खास नुकसान नहीं हुआ. डार ने 'जियो न्यूज' से बात करते हुए माना कि भारत ने पाकिस्तान की जवाबी कार्रवाई से पहले ही हमला कर दिया और उन्हें चौंका दिया.
इशाक डार के मुताबिक, भारत ने 7 मई को ऑपरेशन सिंदूर के तहत पाकिस्तान के नूर खान एयरबेस और शोरकोट एयरबेस को निशाना बनाकर बड़ी सर्जिकल स्ट्राइक की. उन्होंने बताया कि पाकिस्तान जवाबी हमला करने की तैयारी में था, लेकिन भारत ने पहले ही कार्रवाई कर दी.
डार ने खुलासा किया कि जैसे ही भारत ने हमला किया, उसके 45 मिनट के भीतर सऊदी प्रिंस फैसल बिन सलमान ने उन्हें फोन किया. डार ने कहा, "सऊदी प्रिंस फैसल बिन सलमान ने कॉल कर पूछा कि क्या वह जयशंकर से कह सकते हैं कि पाकिस्तान रुकने को तैयार है." यह फोन कॉल दोनों देशों के बीच तनाव को कम करने की दिशा में सऊदी अरब की ओर से एक अहम प्रयास था.
डार ने कहा कि पाकिस्तान ने स्थिति को बिगड़ने से रोकने के लिए अमेरिका से भी संपर्क किया था ताकि भारत की ओर से संभावित बड़े हमलों को रोका जा सके.
पाकिस्तानी प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने भी एक इंटरव्यू में इस बात को स्वीकार किया कि भारत ने ब्रह्मोस मिसाइलों से पाकिस्तान के विभिन्न हिस्सों में हमले किए, जिसमें रावलपिंडी एयरपोर्ट भी शामिल था. उन्होंने बताया कि पाकिस्तान ने 10 मई की सुबह 4:30 बजे जवाबी हमला करने की योजना बनाई थी, लेकिन भारत ने 9-10 मई की रात को फिर से हमला कर इस योजना को असफल कर दिया.
पाकिस्तान के तत्कालीन सेनाध्यक्ष जनरल असीम मुनीर (अब फील्ड मार्शल) ने वॉशिंगटन में प्रवासी पाकिस्तानियों से कहा, "भारत एक 'न्यू नॉर्मल' बनाना चाहता था, जहां वह बिना झिझक अंतरराष्ट्रीय सीमाएं लांघ सके." उनके इस बयान से यह साफ होता है कि पाकिस्तान अब भारतीय कार्रवाई को एक नई रणनीतिक चुनौती मान रहा है.
भारत ने 7 मई से ऑपरेशन सिंदूर की शुरुआत की, जिसमें ड्रोन और मिसाइलों के ज़रिए पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) में आतंकवादी ठिकानों और सैन्य अड्डों को निशाना बनाया गया. पाकिस्तान ने इसके जवाब में 8, 9 और 10 मई को भारत पर हमले करने की कोशिश की, लेकिन भारतीय सेना ने इन सभी प्रयासों को नाकाम करते हुए और भी ज़ोरदार जवाबी हमले किए. 10 मई को दोनों देशों के बीच एक आपसी सहमति के तहत युद्धविराम पर समझौता हुआ और स्थिति को शांत किया गया. First Updated : Friday, 20 June 2025