स्पोर्ट्स : हर क्रिकेट सीरीज की शुरुआत या टीम के चयन से पहले, विकेटकीपर-बल्लेबाज़ संजू सैमसन का नाम सुर्खियों में रहता है. हाल ही में सैमसन किसी भी वनडे टीम का हिस्सा नहीं रहे हैं, जबकि उनके औसत 56 के बावजूद उन्हें टीम से बाहर रखा गया. टी20I में भी लगातार बल्लेबाजी क्रम में ऊपर-नीचे होने के बावजूद, ऑस्ट्रेलिया में केवल एक असफलता के बाद उन्हें बाहर कर दिया गया. एशिया कप में वापसी के बाद शुभमन गिल ने ओपनिंग की जगह ले ली, जबकि जितेश शर्मा को मध्य और निचले क्रम में बेहतर प्रदर्शन करने वाले बल्लेबाज़ के रूप में देखा जा रहा है.
संजू सैमसन के लिए मध्यक्रम की चुनौती
गर्दन की चोट से उबरने के बाद शुभमन गिल के वापसी के कारण सैमसन के लिए अब मध्यक्रम ही संघर्ष का स्थान बन गया है. कप्तान सूर्यकुमार यादव ने स्पष्ट किया कि टीम के सलामी बल्लेबाज़ों के अलावा सभी खिलाड़ियों को लचीला होना होगा. उन्होंने कहा कि सैमसन को अवसर दिए गए हैं और वह किसी भी नंबर पर बल्लेबाजी करने के लिए तैयार हैं. कप्तान ने यह भी बताया कि टीम की योजना में गिल और सैमसन दोनों की भूमिका महत्वपूर्ण है और यह टीम के लिए एक संपत्ति है.
टीम चयन और कप्तान का दृष्टिकोण
सूर्यकुमार यादव ने कहा कि शुभमन गिल ने पहले श्रीलंका सीरीज़ में खेला है और इसलिए उस जगह का हक़दार थे. उन्होंने यह भी कहा कि टीम में हर खिलाड़ी को 3 से 6 नंबर तक किसी भी स्थिति में बल्लेबाजी करने के लिए तैयार रहना चाहिए. कप्तान ने बताया कि इस लचीलापन के कारण टीम में रणनीतिक विकल्प बढ़ते हैं और यह टीम के लिए एक सकारात्मक स्थिति है.
सैमसन और जितेश शर्मा का प्रदर्शन
संजू सैमसन ने केरल की अगुवाई करते हुए दो अर्धशतक और दो बार 40 से अधिक के स्कोर बनाए हैं और शीर्ष क्रम में बल्लेबाजी की है. वहीं, जितेश शर्मा पिछले नौ पारियों में केवल दो बार 30 का आंकड़ा पार कर पाए हैं और एशिया कप राइजिंग स्टार्स में यूएई के खिलाफ नाबाद 83 रनों की पारी के बाद उनका कोई बड़ा स्कोर नहीं रहा. इसके अलावा, शुभमन गिल पिछले तीन हफ्तों से किसी भी मैच अभ्यास से वंचित हैं, और देखना दिलचस्प होगा कि वे इस चुनौती का सामना कैसे करेंगे.
First Updated : Monday, 08 December 2025