Delhi Markets: देश की राजधानी दिल्ली के बाजारों में अब दिन-रात रौनक देखने को मिलेगी. उप-राज्यपाल विनय कुमार सक्सेना ने मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की ओर से श्रम विभाग द्वारा भेजे गए प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है. इसके तहत दिल्ली में सभी दुकानें और व्यावसायिक प्रतिष्ठान 24x7 खुले रह सकेंगे. यह फैसला 'ईज ऑफ डूइंग बिजनेस' की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम माना जा रहा है.
इस निर्णय से जहां व्यापार को नया बढ़ावा मिलेगा, वहीं महिलाओं के लिए रोजगार के अवसर भी खुलेंगे. अब महिलाएं भी नाइट शिफ्ट में काम कर सकेंगी, हालांकि इसके लिए कड़े सुरक्षा दिशा-निर्देश तय किए गए हैं. एलजी ने न सिर्फ इस फैसले की सराहना की, बल्कि इसके प्रभावी क्रियान्वयन के लिए कई जरूरी सुझाव भी दिए हैं.
दिल्ली सरकार द्वारा भेजे गए प्रस्ताव में दिल्ली शॉप्स एंड एस्टेबलिशमेंट एक्ट, 1954 की धारा 14, 15 और 16 के तहत संशोधन का प्रस्ताव रखा गया था. इसके बाद एलजी की मंजूरी से यह संभव हो गया है कि अब दिल्ली के सभी प्रतिष्ठान, रेस्तरां, दुकानें और खानपान सेवाएं चौबीसों घंटे संचालित हो सकेंगी.
इस फैसले से महिलाओं को भी नाइट शिफ्ट में काम करने की अनुमति मिल गई है, बशर्ते उनकी पूर्व सहमति ली जाए. साथ ही, महिलाओं की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है. कार्यस्थलों पर CCTV कैमरे लगाने, आंतरिक शिकायत समिति का गठन करने और यौन उत्पीड़न से सुरक्षा अधिनियम, 2013 का सख्ती से पालन करने जैसे दिशा-निर्देश अनिवार्य होंगे.
उप-राज्यपाल ने दिल्ली सरकार की इस पहल की सराहना करते हुए सुझाव दिया है कि इस निर्णय का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए ताकि जनता को इसकी पूरी जानकारी हो सके. उन्होंने यह भी कहा कि श्रम विभाग को व्यापारियों और दुकानदारों के साथ मिलकर संवाद करना चाहिए ताकि व्यवस्था को सहज और सुचारु रूप से लागू किया जा सके.
एलजी सक्सेना ने इस निर्णय को लागू करने के साथ-साथ सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को भी मजबूत करने की जरूरत पर बल दिया है, खासकर रात के समय. रात की शिफ्ट में काम करने वाले कर्मचारियों के लिए सुरक्षित और सुलभ आवागमन की व्यवस्था को प्राथमिकता देने को कहा गया है.
यह निर्णय दिल्ली के व्यापारी वर्ग के लिए एक बड़ी राहत के रूप में देखा जा रहा है, जो लंबे समय से दुकानों को 24x7 खोलने की मांग कर रहे थे. इससे दिल्ली की अर्थव्यवस्था को नई रफ्तार मिलेगी और रोजगार के अवसर बढ़ेंगे. देश के कई अन्य राज्यों ने पहले ही ऐसी व्यवस्था लागू की हुई है, अब दिल्ली भी उसी दिशा में अग्रसर हो गई है. First Updated : Friday, 01 August 2025