Maharashtra Politics: महाराष्ट्र की राजनीति में आज बड़ा उलट फेर देखने को मिल रहा है. मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने मंत्री धनंजय मुंडे से इस्तीफा मांगा है. यह कदम उस वक्त उठाया गया जब मुंडे के सहयोगी वाल्मिक कराड का नाम एक जबरन वसूली और हत्या से जुड़े मामले में आया. इस पूरे घटनाक्रम के चलते विपक्ष लगातार सरकार पर हमलावर है.
सूत्रों के मुताबिक, धनंजय मुंडे मंगलवार को अपने पद से इस्तीफा दे सकते हैं. यह फैसला तब लिया गया जब दिसंबर 2024 में मासाजोग गांव के सरपंच संतोष देशमुख की हत्या से जुड़े मामले में कराड की गिरफ्तारी हुई. पुलिस की जांच में सामने आया है कि यह मामला जबरन वसूली से जुड़ा हुआ था.
धनंजय मुंडे का नाम तब विवादों में आया जब उनके करीबी सहयोगी वाल्मिक कराड को पुलिस ने गिरफ्तार किया. कराड पर आरोप है कि उन्होंने संतोष देशमुख की हत्या के पीछे भूमिका निभाई. देशमुख, जो तीन बार सरपंच रह चुके थे, उन्हें 9 दिसंबर 2024 को अगवा कर बर्बरता से मार दिया गया था. राज्य सीआईडी ने इस हत्या मामले और दो अन्य संबंधित मामलों की जांच पूरी कर 1,200 पन्नों की चार्जशीट अदालत में दाखिल कर दी है.
सोमवार को धनंजय मुंडे ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से मुलाकात की, जो राज्य के गृह मंत्री भी हैं. इसके बाद उन्होंने डिप्टी सीएम और एनसीपी अध्यक्ष अजीत पवार, साथ ही पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष सुनील तटकरे से भी बातचीत की. इस मुलाकात के बाद मुंडे के इस्तीफे की अटकलें और तेज हो गई हैं.
धनंजय मुंडे की पहली पत्नी करुणा शर्मा ने इस मामले पर बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा, "वरिष्ठ नेताओं ने मुंडे से इस्तीफा देने को कहा है और बजट सत्र से पहले यह घोषणा कर दी जाएगी." चार्जशीट की रिपोर्ट के मुताबिक, कराड ने कथित तौर पर अन्य आरोपियों को निर्देश दिया था कि जबरन वसूली में जो भी बाधा बने, उसे रास्ते से हटा दिया जाए.
करुणा शर्मा ने आगे कहा, "अब कुछ बचा नहीं है, क्योंकि कराड का नाम चार्जशीट में आ चुका है. नैतिकता या किसी और कारण से, मुंडे को इस्तीफा देना ही होगा." अब देखना यह होगा कि धनंजय मुंडे कब और कैसे अपने पद से इस्तीफा देते हैं और इसके बाद महाराष्ट्र की राजनीति में क्या नया मोड़ आता है. First Updated : Tuesday, 04 March 2025