Delhi Assembly Elections: दिल्ली की कानून-व्यवस्था को लेकर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के बीच तीखी बयानबाजी देखने को मिली. शुक्रवार को अरविंद केजरीवाल ने योगी आदित्यनाथ पर पलटवार करते हुए कहा कि क्या यूपी के मुख्यमंत्री को राष्ट्रीय राजधानी में कानून-व्यवस्था को सुधारना चाहिए? उन्होंने इस मुद्दे पर योगी के बयान को गैरजरूरी बताते हुए केंद्र सरकार की भूमिका पर सवाल उठाए.
केजरीवाल ने इस बहस के दौरान अपनी सुरक्षा को लेकर भी नाराजगी जाहिर की और इसे राजनीति से प्रेरित कदम बताया. उन्होंने कहा, "यह दुख की बात है कि किसी की निजी सुरक्षा राजनीति का शिकार हो गई है."
अरविंद केजरीवाल ने योगी आदित्यनाथ द्वारा दिल्ली की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाने को लेकर तीखा जवाब दिया. उन्होंने कहा, "योगी जी दिल्ली आए और यहां की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाए. मैं उनसे सहमत हूं कि दिल्ली की स्थिति खराब है. 11 से ज्यादा बदमाशों ने दिल्ली पर कब्जा कर लिया है. महिलाएं घर से बाहर निकलने से डरती हैं." उन्होंने आगे कहा कि दिल्ली की कानून-व्यवस्था सीधे तौर पर केंद्र सरकार के अधीन आती है और इसे लेकर आप सरकार को जिम्मेदार ठहराना सही नहीं है.
जनकपुरी में एक सभा को संबोधित करते हुए सीएम योगी आदित्यनाथ ने आम आदमी पार्टी की सरकार पर आरोप लगाया कि उन्होंने 2020 में बांग्लादेशी घुसपैठियों की मदद से दिल्ली में दंगे भड़काए. उन्होंने कहा, "शाहीन बाग की अराजकता और गुंडागर्दी के लिए आप सरकार जिम्मेदार है. अगर दिल्ली में बीजेपी की डबल इंजन सरकार होती, तो ऐसा नहीं होता." सीएम योगी ने दिल्ली में भाजपा सरकार बनाने की अपील करते हुए कहा कि दिल्ली को फिर से इंद्रप्रस्थ बनाने की दिशा में काम किया जाएगा. उन्होंने यह भी दावा किया कि यूपी में उन्होंने अपराधियों का सफाया कर दिया है और कानून-व्यवस्था को मजबूत किया है.
पंजाब पुलिस द्वारा अपनी सुरक्षा हटाए जाने पर अरविंद केजरीवाल ने इसे राजनीतिक षड्यंत्र करार दिया. उन्होंने कहा, "मुझे दुख है कि सुरक्षा को राजनीति के लिए इस्तेमाल किया जा रहा है. यह एक चिंताजनक स्थिति है."
दोनों नेताओं के बीच इस बयानबाजी ने दिल्ली और उत्तर प्रदेश के बीच कानून-व्यवस्था पर एक नई बहस छेड़ दी है. जहां योगी आदित्यनाथ ने दिल्ली की स्थिति पर सवाल उठाए, वहीं केजरीवाल ने इसके लिए केंद्र सरकार को जिम्मेदार ठहराया. First Updated : Friday, 24 January 2025