उत्तर प्रदेश की राजनीति में एक ऐतिहासिक मोड़ तब आया जब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने कार्यकाल के 8 साल और 132 दिन पूरे कर लिए. इस उपलब्धि के साथ ही उन्होंने पंडित गोविंद बल्लभ पंत को पीछे छोड़ते हुए राज्य के सबसे लंबे समय तक पद पर रहने वाले मुख्यमंत्री का रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया.
19 मार्च 2017 को मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने वाले योगी आदित्यनाथ न सिर्फ दो बार लगातार सत्ता में लौटे, बल्कि वह पहले ऐसे मुख्यमंत्री भी हैं जिन्होंने एक पूर्ण कार्यकाल सफलतापूर्वक पूरा करने के बाद फिर से मुख्यमंत्री पद की जिम्मेदारी संभाली. उनका यह रिकॉर्ड 2027 तक और मजबूत होने की संभावना है.
पंडित गोविंद बल्लभ पंत का कुल मुख्यमंत्री कार्यकाल 8 साल और 127 दिनों का था, जिसमें स्वतंत्रता से पूर्व का समय भी शामिल था. अब योगी आदित्यनाथ ने 8 साल 132 दिन का कार्यकाल पूरा कर इस ऐतिहासिक उपलब्धि को पार कर लिया है. इससे पहले यूपी में कोई भी मुख्यमंत्री इतना लंबा कार्यकाल पूरा नहीं कर सका.
2022 के विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी को एक बार फिर स्पष्ट बहुमत मिला, और योगी आदित्यनाथ ने फिर से मुख्यमंत्री पद की शपथ ली. वह उत्तर प्रदेश के पहले ऐसे मुख्यमंत्री बन गए हैं जिन्होंने एक बार का कार्यकाल पूरा करने के बाद दोबारा पद संभाला है.
योगी आदित्यनाथ ने राजनीति में कदम वर्ष 1998 में रखा जब उन्होंने मात्र 26 साल की उम्र में गोरखपुर लोकसभा सीट से जीत दर्ज की. वह देश के सबसे युवा सांसदों में शामिल हुए और इसके बाद लगातार पांच बार गोरखपुर से सांसद चुने गए.
राजनीति में आने से पहले योगी आदित्यनाथ गोरखपुर स्थित गोरखनाथ मठ के महंत बने. धार्मिक और सामाजिक कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाते हुए उन्होंने अपनी पहचान एक कर्मठ नेता के रूप में बनाई. बीजेपी में उनके बढ़ते प्रभाव और लोकप्रियता ने उन्हें 2017 में मुख्यमंत्री पद तक पहुंचाया.
उत्तर प्रदेश में अगला विधानसभा चुनाव 2027 में प्रस्तावित है. ऐसे में अगर योगी आदित्यनाथ तब तक पद पर बने रहते हैं तो उनका कार्यकाल और लंबा होगा और यह रिकॉर्ड और अधिक मजबूत हो जाएगा. First Updated : Monday, 28 July 2025