Income Tax Bill: केंद्र सरकार अगले सप्ताह लोकसभा में नया आयकर विधेयक पेश करने की तैयारी में है. यह विधेयक छह दशक पुराने आयकर अधिनियम, 1961 की जगह लेगा और कर प्रणाली को अधिक पारदर्शी, सरल और विवाद रहित बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम होगा.
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शनिवार को इस बारे में जानकारी दी और कहा कि कैबिनेट ने इस विधेयक को मंजूरी दे दी है. विधेयक को संसद की स्थायी समिति के पास भेजा जाएगा, जहां इस पर व्यापक विचार-विमर्श होगा. इसके बाद इसे अंतिम मंजूरी के लिए दोबारा मंत्रिमंडल और संसद में पेश किया जाएगा.
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के केंद्रीय निदेशक मंडल की बैठक के बाद संवाददाताओं से बातचीत में बताया, "मंत्रिमंडल ने शुक्रवार को नए आयकर विधेयक को मंजूरी दे दी. मुझे उम्मीद है कि इसे आगामी सप्ताह में लोकसभा में पेश किया जाएगा. इसके बाद यह संसदीय समिति के पास जाएगा."
नए आयकर कानून के लागू होने की संभावित समयसीमा के बारे में पूछे जाने पर सीतारमण ने कहा कि "इसे अभी भी तीन महत्वपूर्ण चरणों से गुजरना है." उन्होंने पहली बार जुलाई 2024 के केंद्रीय बजट में आयकर अधिनियम, 1961 की व्यापक समीक्षा की घोषणा की थी.
केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) ने इस समीक्षा के लिए एक आंतरिक समिति का गठन किया था, जिसका उद्देश्य आयकर कानून को अधिक स्पष्ट, संक्षिप्त और आसानी से समझने योग्य बनाना है. नए अधिनियम से कर विवादों और मुकदमों की संख्या में कमी आने की उम्मीद है.
सीतारमण ने एक अन्य सवाल के जवाब में कहा कि हाल ही में पेश किए गए बजट में सीमा शुल्क को तर्कसंगत बनाने की घोषणा पर पिछले दो वर्षों से काम चल रहा था. उन्होंने कहा, "हमने दो साल पहले भी इस मामले में चीजों को सरल बनाया था और कुछ मानदंड तय किए थे."
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि डंपिंग रोधी शुल्क भारत की विनिर्माण क्षमताओं की सुरक्षा के लिए एक उपाय है, लेकिन यह स्थायी समाधान नहीं हो सकता. "हर समाप्ति तिथि के करीब आने पर सरकार इसकी समीक्षा करेगी और केवल असाधारण मामलों में ही शुल्क बढ़ाया जाएगा," उन्होंने कहा.
सीतारमण ने कहा कि सरकार और आरबीआई मुद्रास्फीति और आर्थिक वृद्धि सहित सभी महत्वपूर्ण मोर्चों पर समन्वित तरीके से काम कर रहे हैं. उन्होंने यह भी कहा कि बजट में खपत बढ़ाने के लिए उठाए गए कदमों और आरबीआई की संभावित नीतिगत दर कटौती से निजी निवेश को प्रोत्साहन मिलेगा. First Updated : Sunday, 09 February 2025