रुद्रप्रयाग में बड़ा हादसा टला, टेक्निकल फॉल्ट के चलते हाईवे पर उतरा हेलीकॉप्टर

उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग जिले में केदारनाथ जा रहा एक हेलीकॉप्टर तकनीकी खराबी के कारण फाटा बड़ासू के पास हाईवे पर इमरजेंसी लैंडिंग करने को मजबूर हुआ. इस दौरान एक वाहन क्षतिग्रस्त हो गया. हेलीकॉप्टर में सवार सात लोग सुरक्षित हैं और किसी के हताहत होने की खबर नहीं है.

calender

उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग ज़िले में सोमवार सुबह एक बड़ा हादसा टल गया, जब केदारनाथ दर्शन के लिए जा रहे एक हेलीकॉप्टर को बीच सड़क पर इमरजेंसी लैंडिंग करनी पड़ी. यह घटना बड़ासू इलाके के पास घटी, जहाँ फाटा से उड़ान भरते ही हेलीकॉप्टर में तकनीकी खराबी आ गई. पायलट ने सूझबूझ दिखाते हुए हेलीकॉप्टर को हाईवे पर सुरक्षित लैंड करा दिया.

हेलीकॉप्टर की यह लैंडिंग हाईवे पर फाटा-बड़ासू के पास हुई. इस दौरान नीचे खड़े एक वाहन को नुकसान पहुंचा, लेकिन राहत की बात रही कि किसी की जान नहीं गई. यूनियन सिविल एविएशन डेवेलपमेंट अथॉरिटी (UCADA) ने इस घटना की जानकारी तत्काल DGCA (डायरेक्टर जनरल ऑफ सिविल एविएशन) को भेज दी है. मामले की जांच शुरू कर दी गई है.

सिरसी से उड़ान भरते ही आई तकनीकी गड़बड़ी

क्रेस्टेल एविएशन प्राइवेट लिमिटेड के इस हेलीकॉप्टर ने श्रद्धालुओं को लेकर सिरसी से केदारनाथ के लिए उड़ान भरी थी. उड़ान भरते ही पायलट को तकनीकी समस्या का आभास हुआ. खतरा भांपते हुए पायलट ने हेलीपैड तक पहुंचने की बजाय हाईवे को लैंडिंग के लिए चुना और हेलीकॉप्टर को सुरक्षित नीचे उतार दिया.

सात लोग थे सवार, को-पायलट को हल्की चोट

हेलीकॉप्टर में कुल सात लोग सवार थे — जिनमें पायलट, को-पायलट और पांच श्रद्धालु शामिल थे. जैसे ही लैंडिंग की सूचना मिली, पुलिस की टीम मौके पर पहुंच गई और सभी यात्रियों को सुरक्षित स्थानों पर भेजा गया. हेलीकॉप्टर में बैठे श्रद्धालु सुरक्षित हैं, जबकि को-पायलट को हल्की चोट लगने की खबर है.

इससे पहले भी हो चुके हैं हादसे

गौरतलब है कि यह पहली घटना नहीं है. मई 2025 में भी ऋषिकेश से केदारनाथ जा रही एक हेली एम्बुलेंस लैंडिंग के दौरान हादसे का शिकार हो गई थी. उससे पहले 8 मई को गंगोत्री धाम की ओर जा रहा एक हेलीकॉप्टर तकनीकी खराबी के कारण गंगनानी के पास क्रैश हो गया था, जिसमें 6 लोगों की जान चली गई थी.

हवाई सेवाओं पर सवाल

लगातार हो रही इन घटनाओं ने चारधाम यात्रा में हेलीकॉप्टर सेवाओं की सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं. श्रद्धालुओं की भारी भीड़ और कठिन पहाड़ी इलाकों में उड़ान भरने वाले इन हेलीकॉप्टरों की नियमित तकनीकी जांच और सतर्क संचालन की ज़रूरत अब पहले से कहीं अधिक महसूस की जा रही है.

यात्रा पर असर नहीं

हालांकि, इस घटना के बाद बाकी शटल ऑपरेशंस सामान्य ढंग से जारी हैं. UCADA ने यात्रियों से अपील की है कि वे घबराएं नहीं, और यात्रा के दौरान नियमों का पालन करें. वहीं DGCA ने इस घटना की जांच का आदेश दे दिया है. First Updated : Saturday, 07 June 2025