मुंबईः बृहन्मुंबई नगर निगम (बीएमसी) चुनावों से पहले महाराष्ट्र की सियासत में हलचल तेज हो गई है. भारतीय जनता पार्टी (भाजपा), राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) और एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना के गठबंधन महायुति ने रविवार को अपना बहुप्रतीक्षित चुनावी घोषणापत्र जारी किया. इस दस्तावेज़ में मुंबई के समग्र विकास, नागरिक सुविधाओं के विस्तार और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने से जुड़ी कई अहम घोषणाएं की गई हैं. घोषणापत्र के विमोचन कार्यक्रम में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, रामदास अठावले, विनोद तावड़े, अमित सतम और आशीष शेलार सहित कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे.
घोषणापत्र की प्रमुख घोषणाओं में महिलाओं के लिए 5 लाख रुपये तक का ब्याज-मुक्त ऋण शामिल है. मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि यह पहल बृहन्मुंबई नगर निगम के माध्यम से लागू की जाएगी, ताकि महिलाओं को स्वरोज़गार और उद्यमिता के अवसर मिल सकें. उनका कहना था कि यह कदम महिलाओं की आर्थिक स्वतंत्रता को बढ़ावा देगा और शहरी परिवारों की आय में स्थिरता लाएगा.
महायुति ने मुंबई को झुग्गी-झोपड़ी मुक्त बनाने का संकल्प दोहराया है. गठबंधन का दावा है कि पुरानी और जर्जर ‘पगड़ी’ प्रणाली वाली इमारतों का पुनर्विकास किया जाएगा, जिससे सुरक्षित और आधुनिक आवास उपलब्ध हो सकें. उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कहा कि बीते साढ़े तीन वर्षों में किए गए विकास कार्यों को आगे बढ़ाते हुए, सरकार का लक्ष्य शहर के इंफ्रास्ट्रक्चर को नई गति देना है.
घोषणापत्र में अवैध अप्रवासियों की पहचान के लिए तकनीक के इस्तेमाल पर विशेष जोर दिया गया है. मुख्यमंत्री फडणवीस ने बताया कि आईआईटी बॉम्बे के सहयोग से एक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित टूल विकसित किया जा रहा है, जिससे बांग्लादेशी और रोहिंग्या जैसे अवैध प्रवासियों की पहचान की जा सकेगी. उन्होंने यह भी कहा कि सरकार जन्म प्रमाण पत्र से जुड़े कथित घोटाले से अवगत है और इस पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी. इसके साथ ही एक हिरासत केंद्र के लिए जमीन भी चिन्हित कर ली गई है.
प्रेस से बातचीत में मुख्यमंत्री फडणवीस ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि महायुति केवल पहचान की राजनीति तक सीमित नहीं है, बल्कि विकास को प्राथमिकता देती है. उन्होंने जोर दिया कि गठबंधन हिंदुत्व के मूल्यों के साथ-साथ शहर के 95 प्रतिशत विकास एजेंडे पर काम कर रहा है. वहीं, शिंदे ने कहा कि सरकार का उद्देश्य उन मराठी परिवारों को वापस लाना है, जो बेहतर अवसरों की तलाश में मुंबई छोड़ चुके हैं.
महायुति का यह घोषणापत्र मुंबई को सुरक्षित, समावेशी और आधुनिक महानगर बनाने की दिशा में एक व्यापक रोडमैप पेश करता है. गठबंधन का दावा है कि यदि उसे जनादेश मिला, तो ये वादे शहरवासियों के जीवन को आसान बनाने में निर्णायक साबित होंगे.
First Updated : Sunday, 11 January 2026