इंदौर: मध्य प्रदेश के इंदौर से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां एक सामान्य विरोध अचानक भयावह हादसे में बदल गया. एक आवासीय सोसाइटी में सुरक्षा को लेकर उठे विवाद ने ऐसा मोड़ लिया कि एक महिला को अपनी जान गंवानी पड़ी. यह घटना न सिर्फ चौंकाने वाली है, बल्कि यह भी दिखाती है कि छोटे-छोटे विवाद किस तरह बड़ी त्रासदी बन सकते हैं.
इंदौर के शिव वाटिका स्मृति एन्क्लेव में रहने वाले लोग पिछले कुछ समय से एक पेंटहाउस को होमस्टे या एयरबीएनबी के रूप में इस्तेमाल किए जाने का विरोध कर रहे थे. उनका कहना था कि इस वजह से इमारत में अजनबियों का आना-जाना बढ़ गया है, जिससे खासकर रात के समय असुरक्षा महसूस होती है. निवासियों ने कई बार पेंटहाउस के मालिक कुलदीप चौधरी से बात कर इस समस्या का समाधान निकालने की कोशिश की, लेकिन मामला सुलझ नहीं सका.
बुधवार रात बढ़ा तनाव
बुधवार को जब पेंटहाउस को फिर से किराए पर दिया गया, तो गुस्साए निवासियों ने उसकी बिजली काट दी. इसके जवाब में मालिक ने पूरे भवन की बिजली बंद कर दी. इसी बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच तीखी बहस और झगड़ा शुरू हो गया. स्थिति उस समय और बिगड़ गई, जब कुलदीप चौधरी ने अपने बेटे मोनिश को मौके पर बुलाया. प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, मोनिश काफी गुस्से में था और उसने आक्रामक व्यवहार करना शुरू कर दिया.
कार से कुचलकर हत्या
सीसीटीवी फुटेज के अनुसार, मोनिश अपनी कार लेकर सोसाइटी में घुसा और पहले एक महिला को टक्कर मारी, जो सुरक्षा गार्ड की पत्नी बताई जा रही हैं. इसके बाद जब लोग घायल महिला की मदद कर रहे थे, तभी उसने कार मोड़कर शम्पा पांडे को जोरदार टक्कर मारी और उन्हें कुचल दिया. गंभीर रूप से घायल शम्पा पांडे को तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टर उन्हें बचा नहीं सके. इस घटना से पूरे इलाके में शोक और गुस्से का माहौल है.
पुलिस की कार्रवाई
घटना के बाद पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए कुलदीप चौधरी और उसके बेटे मोनिश को गिरफ्तार कर लिया है. मामले की जांच जारी है और दोनों से पूछताछ की जा रही है. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए सख्त कार्रवाई की जाएगी.
निवासियों की मांग
शम्पा पांडे एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर थीं और दो बच्चों की मां थीं. उनकी अचानक मौत से परिवार पूरी तरह टूट गया है. पड़ोसियों के अनुसार, उनके छोटे बच्चे अभी इस दुखद घटना से अनजान हैं, जिससे यह हादसा और भी दर्दनाक बन जाता है.
सोसाइटी के लोगों का कहना है कि पेंटहाउस का व्यावसायिक उपयोग पूरी तरह बंद किया जाना चाहिए. उनका आरोप है कि कुलदीप चौधरी के पास इमारत में कई पेंटहाउस हैं, जिन्हें किराए पर दिया जा रहा है, जिससे लगातार परेशानी हो रही है.
सवालों के घेरे में सुरक्षा व्यवस्था
इस घटना ने आवासीय परिसरों में सुरक्षा व्यवस्था और होमस्टे जैसी सेवाओं के उपयोग को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. लोग अब इस बात पर चर्चा कर रहे हैं कि क्या रिहायशी इमारतों में इस तरह के व्यावसायिक उपयोग की अनुमति होनी चाहिए या नहीं. यह हादसा एक चेतावनी की तरह है कि किसी भी विवाद को समय रहते सुलझाना कितना जरूरी होता है, क्योंकि कभी-कभी एक छोटी सी बात भी बड़ा नुकसान कर सकती है. First Updated : Friday, 27 March 2026