वो शादी जो कभी नहीं होगी, केतन अग्रवाल हत्याकांड में सामने आया नया मोड़, सिया गोयल स्नैपचैट वायरल

पुणे के चर्चित रियल एस्टेट कारोबारी केतन अग्रवाल हत्याकांड की जांच लगातार आगे बढ़ रही है. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, वायरल स्क्रीनशॉट में सिया कथित तौर पर अपने एक परिचित से आधार कार्ड की आगे और पीछे की तस्वीरें भेजने के लिए कहती दिखाई दे रही है.

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पुणे: पुणे के चर्चित रियल एस्टेट कारोबारी केतन अग्रवाल हत्याकांड की जांच लगातार आगे बढ़ रही है. वहीं इस मामले में गिरफ्तार सिया गोयल और उसके प्रेमी चेतन चौधरी को अदालत द्वारा 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेजा चुका है. इसी बीच सोशल मीडिया पर सिया गोयल से जुड़ा एक कथित स्नैपचैट का स्क्रीनशॉट वायरल हो गया है, जिसने मामले को लेकर नई चर्चाओं को जन्म दे दिया है. हालांकि, वायरल चैट की अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं हो पाई है. 

वायरल चैट में मांगा आधार कार्ड 

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, वायरल स्क्रीनशॉट में सिया कथित तौर पर अपने एक परिचित से आधार कार्ड की आगे और पीछे की तस्वीरें भेजने के लिए कहती दिखाई दे रही है. इसके साथ ही बातचीत में शादी के टिकट बुक करने का जिक्र भी किया गया है. हालांकि, पुलिस ने इस चैट को लेकर अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है. 

क्या है पूर मामला

पुलिस के अनुसार, 25 वर्षीय केतन अग्रवाल की 18 जून को पुणे जिले के लोहागढ़ किले के पास एक चट्टान से धक्का देकर हत्या किए जाने का आरोप है.  जांच में सामने आया है कि केतन और सिया की शादी इसी वर्ष नवंबर में होने वाली थी.

सुनवाई के दौरान पुलिस ने दोनों आरोपियों की कस्टडी बढ़ाने की मांग की थी. जांच एजेंसियों का कहना था कि जब्त किए गए मोबाइल फोन से कुछ कोडेड चैट मिली हैं, जिनमें उपनाम और इमोजी का इस्तेमाल किया गया है. पुलिस का तर्क था कि इन संदेशों का सही अर्थ समझने और डिजिटल सबूतों की पुष्टि के लिए दोनों आरोपियों से और पूछताछ जरूरी है. हालांकि, अदालत ने पुलिस की मांग स्वीकार नहीं की और दोनों को 16 जुलाई तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया.

हत्या की रची गई साजिश 

अभियोजन पक्ष ने अदालत को बताया कि जांच के दौरान उस स्थान का भी पंचनामा किया गया, जहां सिया द्वारा कथित रूप से केतन का पासपोर्ट फेंके जाने की बात सामने आई है. इसके साथ ही उस जगह की भी जांच की गई, जहां कथित तौर पर हत्या की साजिश रची गई थी. पुलिस ने यह भी जानकारी दी कि सिया का एक और मोबाइल फोन बरामद किया गया है, जिसे फोरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है.  पहले जब्त किए गए मोबाइल की फोरेंसिक रिपोर्ट भी जांच एजेंसियों को मिल चुकी है.

मामले को लेकर आगे की जांंच जारी 

वहीं, बचाव पक्ष के वकीलों ने अदालत में दलील दी कि पुलिस आवश्यक इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस पहले ही जब्त कर चुकी है और आरोपी जांच में सहयोग कर रहे हैं. दूसरी ओर, पुणे ग्रामीण पुलिस का कहना है कि मामले में कुछ नए गवाह सामने आए हैं और डिजिटल व फोरेंसिक साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ाई जा रही है. अधिकारियों का दावा है कि उनके पास हत्या से जुड़े पर्याप्त साक्ष्य मौजूद हैं और जांच निष्पक्ष तरीके से जारी है. First Updated : Saturday, 04 July 2026