पटनाः बिहार विधानसभा चुनाव 2025 को लेकर शुक्रवार को राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) ने अपना चुनावी घोषणापत्र जारी किया. पटना के होटल मौर्या में आयोजित इस कार्यक्रम में गठबंधन के सभी प्रमुख नेता मौजूद रहे. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, भाजपा के चुनाव प्रभारी धर्मेंद्र प्रधान, जीतन राम मांझी, चिराग पासवान, उपेंद्र कुशवाहा और सम्राट चौधरी जैसे वरिष्ठ नेता मंच पर उपस्थित थे.
इस संकल्प पत्र को बिहार के भविष्य की दिशा और दशा तय करने वाला दस्तावेज बताया गया. नीतीश कुमार ने कहा कि यह घोषणापत्र सिर्फ वादों का नहीं, बल्कि बिहार को आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने का रोडमैप है.
243 सदस्यीय बिहार विधानसभा के लिए दो चरणों में मतदान 6 और 11 नवंबर को होगा. मतगणना और परिणामों की घोषणा 14 नवंबर को की जाएगी. एनडीए ने इस बार रोजगार, महिला सशक्तिकरण, उद्योग और कृषि विकास को अपने एजेंडे का केंद्र बनाया है.
घोषणापत्र के सबसे बड़े वादे में एक करोड़ से अधिक नौकरियां सृजित करने की घोषणा की गई है. नीतीश कुमार ने कहा कि राज्य सरकार सार्वजनिक और निजी दोनों क्षेत्रों में रोजगार के अवसर बढ़ाने पर काम करेगी.
महिलाओं के लिए ‘महिला रोजगार योजना’ शुरू की जाएगी, जिसके तहत महिलाओं को 2 लाख रुपये तक की वित्तीय सहायता दी जाएगी. इसके अलावा, एनडीए ने ‘लखपति दीदी’ मिशन के तहत 1 करोड़ महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने का लक्ष्य रखा है.
कृषि क्षेत्र को मजबूती देने के लिए एनडीए ने कृषि अवसंरचना में 1 लाख करोड़ रुपये का निवेश करने की घोषणा की है. इसके साथ ही, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि की राशि 6,000 रुपये से बढ़ाकर 9,000 रुपये करने का वादा किया गया है. घोषणापत्र में कहा गया है कि सभी फसलों के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) की गारंटी दी जाएगी, ताकि किसानों को उनकी मेहनत का पूरा मूल्य मिले.
एनडीए के संकल्प पत्र में बुनियादी ढांचे को बिहार की अर्थव्यवस्था की रीढ़ बताया गया है. इसके तहत ‘बिहार गति शक्ति पहल’ के माध्यम से सात नए एक्सप्रेसवे बनाए जाएंगे. इसके अलावा, चार नए शहरों पटना, गया, मुजफ्फरपुर और भागलपुर में मेट्रो सेवाएं शुरू करने की योजना है. हर शहर में मेगा स्किल डेवलपमेंट सेंटर, हर जिले में उद्योग स्थापना और 10 नए बिजनेस पार्क विकसित करने की घोषणा भी की गई है.
एनडीए ने राज्य में रक्षा गलियारा (Defence Corridor) और अर्धचालक विनिर्माण पार्क (Semiconductor Manufacturing Park) स्थापित करने का वादा किया है. इससे बिहार को राष्ट्रीय औद्योगिक मानचित्र पर नई पहचान दिलाने का लक्ष्य रखा गया है. इसके माध्यम से न केवल निवेश बढ़ेगा, बल्कि तकनीकी और कुशल रोजगार के अवसर भी मिलेंगे.
First Updated : Friday, 31 October 2025